मुजफ्फरनगर। जिले में गर्मी का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है। तापमान में लगातार हो रही बढ़ोतरी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि महसूस होने वाला तापमान इससे भी अधिक रहा। तेज धूप और गर्म हवाओं के चलते दोपहर के समय शहर की सड़कें अपेक्षाकृत सुनसान नजर आईं।
मौसम के आंकड़ों के अनुसार पिछले दो दिनों में तापमान में करीब 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई है। रविवार को जहां अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस था, वहीं सोमवार को यह 40 डिग्री तक पहुंच गया। मंगलवार को पारा 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज होने से गर्मी का असर और अधिक बढ़ गया।

तेज धूप और लू के कारण लोगों को बाहर निकलने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। आवश्यक कार्यों को छोड़ अधिकांश लोग घरों में ही रहने को मजबूर हैं। दोपहर के समय बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम चहल-पहल देखने को मिली।
हवा की रफ्तार में भी खास बदलाव नहीं आया है। मंगलवार को करीब 16 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलीं। हालांकि ये हवाएं राहत देने के बजाय गर्मी का एहसास और बढ़ाती रहीं। गर्म हवाओं के कारण लोगों को दिनभर उमस और तपिश का सामना करना पड़ा।
भीषण गर्मी का असर घरेलू जीवन पर भी दिखाई दे रहा है। कई जगहों पर कूलर और पंखे भी पर्याप्त राहत नहीं दे पा रहे हैं। लोग धूप से बचने के लिए गमछा, टोपी, कैप, चश्मा और अन्य सुरक्षा उपायों का इस्तेमाल कर रहे हैं।
दूसरी ओर, गर्मी बढ़ने के साथ ठंडे पेय पदार्थों की मांग में भी तेजी आई है। शहर के बाजारों में शिकंजी, लस्सी, नींबू पानी, गन्ने का रस, बेल का शरबत, लेमन सोडा और आइसक्रीम की बिक्री बढ़ गई है। लोग शरीर को ठंडा रखने के लिए इन विकल्पों का सहारा ले रहे हैं।
मौसम जानकारों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी गर्मी से तत्काल राहत मिलने की संभावना कम है। ऐसे में लोगों को धूप के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है।