पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने अस्पताल से लोगों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने शरीफ सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि मुझे हमले की साजिश के बारे में पहले पता था। जो हमला मुझ पर किया गया। मुझे जाने से एक दिन पहले पता चल गया था कि इन्होंने वजीराबाद या गुजरात में मुझे मारने की योजना बना रखी थी। इमरान ने कहा कि उस दिन जब मैं कंटेनर में था, तभी अचानक मेरे पैरों में गोलियां लग गईं और मैं नीचे गिरने लगा। दो लोग थे। अगर उन्हें पकड़ा नहीं जाता, मेरी आवाम मेरी सुरक्षा नहीं करती, तो मैं नहीं बचता।

पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने कहा कि मुझे गोलियां लगी थीं। ऊपर वाले का शुक्र है कि मैं ठीक हूं। आवाम की दुआ काम आई। हम उनके लिए काम करते रहेंगे। सरकार के खिलाफ हमारी लड़ाई जारी रहेगी। इमरान खान ने कहा कि चार लोगों ने बंद दरवाजों के पीछे मुझे मारने की साजिश रची। मेरे पास एक वीडियो है, अगर मुझे कुछ हुआ, तो वीडियो जारी किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि मैं आम लोगों के बीच से आया हूं, मेरी पार्टी सैन्य प्रतिष्ठान के तहत नहीं बनी है। मैंने 22 साल तक संघर्ष किया है। जनता ने मेरा हौसला बढ़ाया। आवाम ने शरीफ सरकार को खारिज कर दिया है। ये सरकार आवाम के लिए काम नहीं कर रही।

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इससे पहले इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री की हत्या की कोशिश एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पाकिस्तान की संघीय सरकार के तीन अधिकारी और सैन्य प्रतिष्ठान हमले के सरगना हैं।

दरअसल, 70 साल के इमरान खान पर गुरुवार को पंजाब प्रांत में उनके कंटेनर-ट्रक पर हमला किया गया था। इस दौरान उनके पैर में गोली लगी थी। पाकिस्तान के पूर्व मंत्री एवं खान की पार्टी के वरिष्ठ सदस्य फवाद चौधरी ने दावा किया कि यह हमला एक सोची समझी साजिश का हिस्सा है। हमले के सरगना तीन मुख्य संदिग्ध हैं जिनके नाम शहबाज शरीफ, राणा सनाउल्ला और मेजरल जनरल फैसल नसीर हैं।

जानकारी के मुताबिक, पूर्व प्रधानमंत्री को लाहौर के शौकत खानुम अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका ऑपरेशन किया गया। इसके बाद उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।