जिले में हुई बरसात ने कई गांवों में हालात बिगाड़ दिए हैं। नदी-नाले ऊफान पर चलने से लोगों को परेशानी हो रही है। दुगारी गांव में तालाब का पानी ओवर फ्लो होकर घरों मे घुस गया। मेज नदी ऊफान पर आ गई, जिसके चलते खटखड़ पुलिया डूब जाने से जयपुर स्टेट मार्ग बंद करना पड़ा। पानी के तेज बहाव के कारण नदी पार कर रहे दो गोवंश भी पानी में बह गए।

सबसे ज्यादा हालत नैनवां क्षेत्र की खराब हुई है। यहां नैनवां उपखंड क्षेत्र में रात को हुई तेज बारिश के चलते दुगारी के कनकसागर बांध पर चादर चलने से गांव में पानी घुस गया, जिससे बाढ़ के हालात बन गए हैं। गांव में चारों तरफ से आवागमन के रास्ते बंद हो गए हैं और निचली बस्तियों, मुख्य बाजार व आसपास के घरों में पानी भर गया है। ग्रामीणों ने बताया कि प्रशासन को अवगत कराने के बाद भी प्रशासन द्वारा गांव की समस्या का कोई समाधान नहीं किया गया है।

गौरतलब है कि बूंदी जिले में पिछले 24 घंटे में 251 एमएम बारिश दर्ज की गई, जिसमें नैनवां क्षेत्र में सबसे ज्यादा 93 एमएम बारिश दर्ज की गई तथा बूंदी में 15 एमएम बारिश दर्ज की गई। तालेड़ा में 19, केशोरायपाटन में 46 एमएम, इंदरगढ़ में 20 एमएम और हिंडोली में 38 एमएम बारिश दर्ज की गई है।

इधर जिले के गुढ़ा बांध से की जा रही पानी की निकासी के कारण मेज नदी में एक बार फिर ऊफान आ गया और खटखड़ पुलिया डूबने से जिला मुख्यालय से लाखेरी व नैनवां उपखंड का संपर्क कट गया। अब भी पानी पुलिया से डेढ़ फीट ऊपर बह रहा है। पुलिस ने पुलिया के दोनों ओर चौकसी बढ़ा दी है। पुलिया डूबने से बूंदी से जयपुर और लाखेरी व नैनवां का मार्ग बाधित हो गया है।