नई दिल्ली/अदीस अबाबा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को जॉर्डन दौरे के बाद इथियोपिया पहुंचे, जहां उन्होंने प्रधानमंत्री अबी अहमद अली से मुलाकात की। पीएम मोदी ने अहमद अली को अपना “भाई और मित्र” बताते हुए कहा कि इथियोपिया की यह उनकी पहली यात्रा बेहद आत्मीय और गर्मजोशी भरी अनुभव रही।
पीएम मोदी ने बैठक में कहा कि भारत और इथियोपिया के बीच सहयोग के कई क्षेत्रों में स्पष्ट रोडमैप तैयार किया जाएगा। इसमें अर्थव्यवस्था, नवाचार, प्रौद्योगिकी, रक्षा, स्वास्थ्य, क्षमता निर्माण और बहुपक्षीय सहयोग शामिल हैं। उन्होंने यह भी घोषणा की कि भारत में इथियोपिया के छात्रों के लिए दी जाने वाली छात्रवृत्ति को दोगुना किया जाएगा।
पीएम मोदी ने कहा, “भारत और इथियोपिया के बीच हजारों साल से सांस्कृतिक और भाषाई संपर्क रहा है। अब हम इन ऐतिहासिक संबंधों को रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक ले जा रहे हैं, जिससे हमारे सहयोग को नई ऊर्जा और गहराई मिलेगी।”
इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था मजबूती से बढ़ रही है। पिछले साल इथियोपिया की विकास दर 9.2 फीसदी थी और इस साल 10.3 फीसदी वृद्धि की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि भारत एफडीआई का प्रमुख स्रोत है और 615 से अधिक भारतीय कंपनियां इथियोपिया में निवेश कर रही हैं। उन्होंने कहा, “आज हमने अपने ऐतिहासिक संबंधों को रणनीतिक साझेदारी में बदलने का जो निर्णय लिया है, वह दोनों देशों के लिए सही दिशा में कदम है।”
पीएम मोदी और प्रधानमंत्री अहमद अली की यह बैठक द्विपक्षीय सहयोग को नई ऊंचाई देने और भारत-इथियोपिया संबंधों को रणनीतिक स्तर पर मजबूती देने के महत्व को रेखांकित करती है।