शामली। बाबरी थाना पुलिस और सर्विलांस टीम ने हाईटेंशन बिजली लाइनों के तार चोरी करने वाले एक अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से बड़ी मात्रा में चोरी का तार, वाहन और वारदात में इस्तेमाल होने वाले उपकरण बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक एनपी सिंह ने रविवार को पुलिस लाइन सभागार में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि शनिवार देर रात चेकिंग अभियान के दौरान यह कार्रवाई की गई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से करीब 25 क्विंटल वजन के 23 बंडल बिजली के तार बरामद हुए हैं। इसके अलावा तीन पिकअप वाहन, एक कार और तार काटने के औजार भी जब्त किए गए हैं।
एसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में दिल्ली, बुलंदशहर, फिरोजाबाद, मुजफ्फरनगर और अन्य क्षेत्रों के निवासी शामिल हैं। गिरोह के छह अन्य सदस्य अभी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह केवल शामली ही नहीं, बल्कि दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान के कई इलाकों में बिजली तार चोरी की घटनाओं को अंजाम दे चुका है।
अधिकारियों के अनुसार, गिरोह ने पिछले कुछ सप्ताह में शामली जिले में कई बड़ी घटनाएं कीं। इनमें झिंझाना क्षेत्र के टोड़ा गांव, गढ़ीपुख्ता क्षेत्र के भैंसवाल गांव, कांधला क्षेत्र के कनियान गांव और बाबरी क्षेत्र के भाजू गांव से हाईटेंशन लाइनों के तार चोरी करना शामिल है। बाबरी क्षेत्र में करीब 1200 मीटर तार चोरी होने की घटना भी इसी गिरोह से जुड़ी बताई जा रही है।
पुलिस ने यह भी बताया कि बुलंदशहर जिले के खुर्जा देहात क्षेत्र में हुई तार चोरी की घटनाओं में भी गिरोह की संलिप्तता सामने आई है। आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी जुटाई जा रही है।
पूछताछ में आरोपियों ने चोरी का तरीका भी बताया। वे पहले मौके पर पहुंचकर लोहे की छल्ला चेन बिजली तारों पर फेंकते थे, जिससे फॉल्ट होने पर लाइन बंद हो जाती थी। इसके बाद कटर मशीन की मदद से तार काटकर वाहन में भरकर फरार हो जाते थे।
पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद गिरोह से जुड़े और मामलों का खुलासा हो सकता है।