बर्मिंघम में शुरू होने जा रही ऑल इंग्लैंड बैडमिंटन चैंपियनशिप से पहले भारत की स्टार शटलर पीवी सिंधू दुबई में फंस गई हैं। खाड़ी क्षेत्र में हवाई संचालन बंद होने की वजह से वह समय पर इंग्लैंड नहीं पहुँच पाईं और उनके टूर्नामेंट में भाग लेने पर सवाल खड़े हो गए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दुबई में उनके ठहरने के पास एक विस्फोट भी हुआ, जिसके बाद उन्हें सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया।
BWF की सक्रियता
विश्व बैडमिंटन महासंघ (BWF) ने कहा कि वे स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं और जिन खिलाड़ियों को रूट बदलने या देरी का सामना करना पड़ रहा है, उन्हें मदद उपलब्ध कराई जा रही है। सिंधू का पहला मुकाबला थाईलैंड की सुपनिदा कातेथोंग से होना था, लेकिन मौजूदा हालात में उनका कोर्ट पर उतरना मुश्किल दिख रहा है।
अन्य भारतीय खिलाड़ियों की स्थिति
लक्ष्य सेन और युवा खिलाड़ी आयुष शेट्टी वैकल्पिक मार्ग से बर्मिंघम पहुंच चुके हैं। लक्ष्य सेन को पहले दौर में विश्व नंबर-1 शी यूकी से खेलना है, जबकि महिला एकल में मालविका बंसोड़ को ओलंपिक चैंपियन चेन यूफे से भिड़ना है। उन्नति हुड्डा की फ्लाइट रद्द होने से उन्हें अफ्रीका के रास्ते लंबी यात्रा करनी पड़ी, जिससे जेट लैग का असर हो सकता है। पुरुष युगल में सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की जोड़ी मलयेशिया के खिलाफ अपना अभियान शुरू करेगी।
भारत का ऑल इंग्लैंड रिकॉर्ड
ऑल इंग्लैंड खिताब अब तक केवल दो भारतीयों ने जीता है: प्रकाश पादुकोण (1980) और पुलेला गोपीचंद (2001)। हाल के वर्षों में साइना नेहवाल और लक्ष्य सेन उपविजेता रहे हैं, लेकिन खिताब अब भी भारत के लिए चुनौती बना हुआ है।
भू-राजनीतिक स्थिति का खेल पर असर
ईरान-इस्राइल-यूएस संघर्ष ने साबित कर दिया कि वैश्विक राजनीति का असर खेल आयोजनों पर भी पड़ सकता है। खिलाड़ियों की सुरक्षा और यात्रा अब बड़ी चुनौती बन गई है। PV सिंधू के अलावा इंग्लैंड क्रिकेट टीम के खिलाड़ी जॉनी बेयरस्टो भी अबू धाबी में फंस गए। वह इंग्लैंड लायंस के कोच के तौर पर पाकिस्तान-ए के खिलाफ वनडे खेलने आए थे, लेकिन मैच रद्द हो गया। बेयरस्टो ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री से मदद की गुहार लगाई है।