पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। इसी बीच समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव कोलकाता पहुंचे, जहां उन्होंने तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से मुलाकात की।
यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब राज्य में हालिया चुनाव परिणामों ने राजनीतिक समीकरणों को काफी हद तक बदल दिया है। मुलाकात के दौरान ममता बनर्जी स्वयं अखिलेश यादव का स्वागत करने के लिए पहुंचीं, जबकि उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी ने उन्हें गले लगाकर गर्मजोशी से स्वागत किया।
बैठक के दौरान अखिलेश यादव ने ममता बनर्जी को शॉल भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि भले ही चुनाव परिणाम उनके पक्ष में नहीं रहे हों, लेकिन ममता बनर्जी ने पूरी मजबूती और संघर्ष के साथ चुनाव लड़ा है। अखिलेश ने उन्हें “योद्धा” बताते हुए उनके राजनीतिक जज्बे की सराहना की।
उन्होंने यह भी कहा कि ममता बनर्जी हमेशा से भाजपा के लिए एक मजबूत चुनौती रही हैं और आगे भी उनकी भूमिका अहम रहने वाली है।
दूसरी ओर, चुनाव नतीजों के बाद राजनीतिक संपर्क भी बढ़े हैं। बताया जाता है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने परिणामों के तुरंत बाद ममता बनर्जी से फोन पर बात की थी। इस बातचीत में उन्होंने विपक्षी दलों को एकजुट होकर काम करने की आवश्यकता पर जोर दिया था।
सूत्रों के अनुसार, इस बातचीत में ममता बनर्जी ने चुनाव प्रक्रिया और केंद्रीय एजेंसियों की भूमिका को लेकर अपनी नाराजगी भी जताई थी। उनका कहना था कि चुनावी माहौल में कई स्तरों पर दखलंदाजी देखने को मिली।
विधानसभा चुनाव परिणामों की बात करें तो 294 सीटों वाले पश्चिम बंगाल में इस बार बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिला। भाजपा ने भारी बहुमत हासिल करते हुए 200 से अधिक सीटें जीतीं, जबकि तृणमूल कांग्रेस को इस चुनाव में 80 सीटों पर ही संतोष करना पड़ा।
इन नतीजों के बाद राज्य की राजनीति एक नए दौर में प्रवेश करती दिख रही है, जहां विपक्षी दलों के बीच संभावित गठजोड़ और रणनीति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।