शमी ने कोलकाता में SIR प्रक्रिया पूरी की, चुनाव अधिकारियों के सामने हुए पेश

भारतीय क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी मंगलवार को पश्चिम बंगाल में चल रही SIR (विशेष गहन पुनरीक्षण) प्रक्रिया के तहत चुनाव अधिकारियों के सामने पेश हुए। अधिकारियों ने बताया कि उनके मतदाता एन्यूमरेशन फॉर्म में कुछ त्रुटियां पाई गई थीं, जिनके कारण उन्हें सुनवाई के लिए बुलाया गया।
शमी दक्षिण कोलकाता के बिक्रमगढ़ क्षेत्र स्थित एक स्कूल पहुंचे और जरूरी दस्तावेजों के साथ सुनवाई में शामिल हुए। राज्य चुनाव आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि फॉर्म के कुछ कॉलम गलत भरे गए थे या पूरी तरह नहीं भरे गए थे, इसीलिए यह प्रक्रिया आवश्यक हो गई।
सुनवाई पूरी होने के बाद शमी ने कहा, "SIR हर नागरिक का अधिकार है और इसमें भाग लेना हमारी जिम्मेदारी है। इस प्रक्रिया से किसी को कोई नुकसान नहीं होता। अधिकारियों ने इसे बहुत अच्छे से संभाला। मुझे कोई परेशानी नहीं हुई।" उन्होंने यह भी कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो वे फिर से भी इस प्रक्रिया में हिस्सा लेने आएंगे। सुनवाई लगभग 15 मिनट में संपन्न हुई और शमी अपने पासपोर्ट के साथ उपस्थित थे।
चुनाव आयोग ने शमी के अलावा उनके भाई मोहम्मद कैफ को भी नोटिस जारी किया। दोनों कोलकाता नगर निगम के वार्ड नंबर 93 के मतदाता सूची में दर्ज हैं, जो रशबेहारी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है। अधिकारी ने बताया कि शमी पहले निर्धारित तारीख पर उपस्थित नहीं हो पाए थे क्योंकि वे विजय हजारे ट्रॉफी में बंगाल का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
उत्तर प्रदेश के मूल निवासी शमी ने कम उम्र में ही क्रिकेटिंग कारणों से कोलकाता में रहने का फैसला किया। बंगाल रणजी टीम के कोच संबरन बंद्योपाध्याय के मार्गदर्शन में उनका करियर आगे बढ़ा और उन्होंने बंगाल अंडर-22 टीम में जगह बनाई। आज वे भारत के प्रमुख तेज गेंदबाजों में शामिल हैं।
SIR प्रक्रिया का उद्देश्य
SIR प्रक्रिया का मकसद मतदाता सूची को अपडेट करना है। इसमें फॉर्म में त्रुटि होने या नए पते पर नाम जोड़ने जैसी स्थिति में लोगों को सुनवाई के लिए बुलाया जाता है, ताकि मतदाता सूची सही और पूर्ण बनी रहे।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.