पटना। राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह राजनीति नहीं बल्कि उनका नया आध्यात्मिक रूप है। हाथ में रुद्राक्ष की माला, लाल वस्त्र और ‘हर-हर महादेव’ का उद्घोष उनके इस रूप की पहचान बन गई है। सोशल मीडिया पर उनका यह नया अंदाज तेजी से फैल रहा है।
‘संत तेज प्रताप’ का सोशल मीडिया आगमन
15 फरवरी से तेज प्रताप ने ‘संत तेज प्रताप यादव’ नाम से एक नया सोशल मीडिया अकाउंट शुरू किया है। अब तक इस अकाउंट पर पांच वीडियो साझा किए जा चुके हैं, जिनमें वे शिव भक्ति और पूजा विधियों की जानकारी दे रहे हैं। भक्तों को सुबह स्नान के बाद शांत मन से पूजा करने की सलाह देते हुए, वे बेलपत्र अर्पित करने की महिमा भी बताते हैं। साथ ही, रोज नए वीडियो डालने का वादा भी किया गया है।
रुद्राक्ष, लाल चोला और ‘हर-हर महादेव’
वीडियो में तेज प्रताप पूरी तरह से संत की मुद्रा में दिखाई देते हैं। हाथ में रुद्राक्ष की माला फेरते हुए वे भक्तों को कहते हैं कि बिना द्वेष और ईर्ष्या के शिव की पूजा करनी चाहिए। प्रेम और भाईचारे का संदेश देते हुए उनका यह रूप समर्थकों को काफी आकर्षित कर रहा है, वहीं आलोचक इसे नए बहस का मुद्दा बना रहे हैं।
सोशल मीडिया पर मीम्स का तांडव
वीडियो के बाद सोशल मीडिया पर कमेंट्स और मीम्स की बारिश शुरू हो गई। कुछ यूजर्स ने मजाक में पूछा, “अब कौन सा रूप अपनाएंगे?” तो किसी ने तंज कसा, “कौनो प्रोफेशन छोड़ दिया क्या?” सबसे ज्यादा चर्चा उस कमेंट की रही जिसमें लिखा था – “बागेश्वर बाबा 2”, जिसे कथावाचक धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के अंदाज से जोड़कर देखा जा रहा है।
निजी जीवन से आध्यात्मिक राह तक
तेज प्रताप पहले भी अपनी निजी जिंदगी और परिवारिक मतभेदों की वजह से चर्चा में रहते आए हैं। अनुष्का के साथ रिश्तों और पारिवारिक खींचतान की खबरें सोशल मीडिया पर वायरल होती रहीं। कभी भावुक पोस्ट, कभी राजनीतिक बयान और कभी अलग अंदाज, अब अचानक उनका संत अवतार लोगों को हैरान कर रहा है।
राजनीति से दूरी या नई रणनीति?
सवाल उठ रहा है कि क्या यह आध्यात्मिक रूप स्थायी है या केवल सोशल मीडिया पर जुड़ाव का नया तरीका। तेज प्रताप पहले भी कृष्ण रूप, शिवभक्त और किसान आंदोलन समर्थक के रूप में नजर आ चुके हैं। इस नए ‘सन्यासी अवतार’ ने न सिर्फ चर्चा बल्कि विवाद भी पैदा कर दिया है। एक बात तय है – जहां भी वे जाते हैं, सुर्खियां अपने आप बन जाती हैं।