लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि भ्रष्टाचार के कारण प्रदेश का हर वर्ग परेशान है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा जनता को गुमराह करने के लिए नए-नए राजनीतिक हथकंडे अपनाएगी और मंत्रिमंडल विस्तार के जरिए लोगों को भ्रमित करने की कोशिश करेगी। अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा को सत्ता से हटाने के लिए सतर्क और समझदारी भरी राजनीति की जरूरत है।

शनिवार को प्रदेश सपा मुख्यालय पर विभिन्न जिलों से आए कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 में सपा की सरकार बनने पर पात्र महिलाओं को हर साल 40 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। यह योजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम होगी।

अखिलेश यादव ने प्रदेश सरकार पर सभी विभागों में भ्रष्टाचार फैलने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि खाद, धान खरीद और अन्य सरकारी योजनाओं में कालाबाजारी और मुनाफाखोरी चरम पर है। किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है, वहीं दुग्ध उत्पादकों को भी दूध का सही दाम नहीं दिया जा रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि बिचौलियों को सरकारी संरक्षण प्राप्त है, जिससे आम जनता को नुकसान उठाना पड़ रहा है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश की कानून-व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाएं और शिक्षा व्यवस्था लगातार गिरावट का शिकार हो रही हैं। सपा अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे जनता के बीच जाकर भाजपा सरकार की नीतियों और विफलताओं को उजागर करें और बजट को लेकर फैलाए जा रहे भ्रम से सावधान रहें।

इस मौके पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी, पूर्व सांसद अरविंद कुमार सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

सावित्रीबाई फुले की जयंती मनाई गई

प्रदेश सपा मुख्यालय पर देश की पहली महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की जयंती सादगी के साथ मनाई गई। अखिलेश यादव ने कहा कि सावित्रीबाई फुले ने महिला शिक्षा की अलख जगाकर समाज में बराबरी और सशक्तिकरण का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने उन्हें एक महान समाज सुधारक और प्रेरणास्रोत बताया।

इस अवसर पर सपा अध्यक्ष ने समाजवादी पीडीए पंचांग–2026 का विमोचन भी किया। पंचांग में पीडीए समाज के महापुरुषों की जयंती और पुण्यतिथि के साथ-साथ राष्ट्रीय और ऐतिहासिक दिवसों का उल्लेख किया गया है।

आंबेडकर वाहिनी ने भी मनाई जयंती

सपा की बाबा साहब आंबेडकर वाहिनी ने लखनऊ समेत प्रदेश के विभिन्न जिलों में सावित्रीबाई फुले की जयंती पर कार्यक्रम आयोजित किए। वाहिनी के राष्ट्रीय महासचिव राम बाबू सुदर्शन ने बताया कि कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को सावित्रीबाई फुले के संघर्षमय जीवन और उनके योगदान से अवगत कराया गया। उन्होंने कहा कि जब समाज अंधविश्वास, जातिवाद और महिला उत्पीड़न से जकड़ा हुआ था, तब सावित्रीबाई फुले ने शिक्षा को बदलाव का माध्यम बनाकर समानता की लड़ाई शुरू की।