मुजफ्फरनगर। कोरोना महामारी के दौरान बंद हुई ट्रेनों के पुनः संचालन के साथ ही वंदे भारत और संगम एक्सप्रेस को सहारनपुर से वाया मुजफ्फरनगर चलाने की मांग उठी है। इस संबंध में कौशल विकास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिलदेव अग्रवाल ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को नई दिल्ली में पत्र सौंपा। पत्र में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के रेल यातायात और यात्रियों की सुविधा से जुड़ी कई महत्वपूर्ण सुझाव भी शामिल हैं।

राज्यमंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने गत गुरुवार को रेल भवन में केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव से शिष्टाचार भेंट की और मुजफ्फरनगर, मेरठ, सहारनपुर, बागपत, हापुड़ एवं बुलंदशहर जिलों के यात्रियों की सुविधा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने हापुड़ स्टेशन पर नई दिल्ली-लखनऊ एसी सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12429/12430) का ठहराव करने की सिफारिश की, ताकि लखनऊ आने-जाने वाले यात्रियों को आसानी हो और हापुड़ का रेलवे जंक्शन महत्व बढ़े।

इसके अलावा उन्होंने संगम एक्सप्रेस (14164) को सहारनपुर जंक्शन से संचालित करने की मांग की। इससे मुजफ्फरनगर, सहारनपुर और आसपास के क्षेत्रों के यात्री कानपुर और प्रयागराज जैसे प्रमुख शहरों तक सीधे और सुगम रेल मार्ग का लाभ उठा सकेंगे।

कपिलदेव अग्रवाल ने यह भी कहा कि कोरोना काल के दौरान बंद हुई हरिद्वार-निजामुद्दीन, मेरठ-अंबाला और अंबाला-दिल्ली मार्ग की ट्रेनों को पुनः शुरू किया जाए। इन ट्रेनों के न चलने से मेरठ, मुजफ्फरनगर और आसपास के क्षेत्रों के व्यापारियों, छात्रों और दैनिक यात्रियों को भारी असुविधा उठानी पड़ रही है।

राज्यमंत्री ने सुझाव दिया कि आधुनिक और तीव्र गति वाली 22490 वंदे भारत एक्सप्रेस को मेरठ की बजाय सहारनपुर से चलाया जाए। यदि यह ट्रेन प्रातः लगभग पांच बजे सहारनपुर से शुरू होकर मुजफ्फरनगर और मेरठ होते हुए लखनऊ तक संचालित होती है, तो पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लाखों यात्रियों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक रेल सेवा मिल सकेगी। उन्होंने इस सेवा को भविष्य में वाराणसी तक बढ़ाने की संभावनाओं पर भी विचार करने की बात कही।