वाशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को मारने की साजिश में एक पाकिस्तानी नागरिक का नाम सामने आया है। ब्रुकलिन की फेडरल कोर्ट में हाल ही में चलाए गए ट्रायल में 47 वर्षीय आसिफ रजा मर्चेंट को हत्या की साजिश रचने का दोषी पाया गया।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मर्चेंट ने अमेरिकी नेताओं या सरकारी अधिकारियों की हत्या के लिए हिटमैन को हायर करने की कोशिश की। वह यह साजिश ईरानी कमांडर कासिम सुलेमानी की हत्या का बदला लेने के उद्देश्य से रच रहा था। सुलेमानी जनवरी 2020 में बगदाद में अमेरिकी ड्रोन हमले में मारे गए थे।
ट्रायल के दौरान मर्चेंट ने अदालत को बताया कि उसे ईरान में अपने परिवार की सुरक्षा के लिए इस योजना में शामिल होने के लिए मजबूर किया गया था। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि उनके ईरानी संपर्क ने साजिश के तहत तीन प्रमुख नामों का उल्लेख किया था: राष्ट्रपति ट्रंप, पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन और पूर्व अमेरिकी यूएन एम्बेसडर निक्की हेली।
अमेरिकी वकीलों का बयान
एक वकील के प्रवक्ता ने एएफपी को बताया कि मर्चेंट को ट्रांसनेशनल आतंकवाद और पैसों के लिए हत्या दोनों मामलों में दोषी ठहराया गया है। अभी इस मामले में सजा का ऐलान नहीं हुआ है।
मर्चेंट की गिरफ्तारी और मिडिल ईस्ट पर असर
आसिफ रजा मर्चेंट को 12 जुलाई 2024 को अमेरिका में गिरफ्तार किया गया था, जब वह देश छोड़ने की तैयारी कर रहा था। अधिकारियों ने बताया कि उसका ईरान के साथ करीबी संबंध था। इस मामले का ट्रायल ऐसे समय चल रहा है जब अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान पर सैन्य कार्रवाई कर रहे हैं, जिसमें ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हुई और मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा है।