ICC मेन्स अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय क्रिकेट टीम ने अपना शानदार प्रदर्शन बरकरार रखते हुए बांग्लादेश को कड़े मुकाबले में 18 रनों से शिकस्त दी। इस जीत के साथ टीम इंडिया ने टूर्नामेंट में लगातार दूसरी सफलता हासिल की और अगले दौर में प्रवेश की दिशा में मजबूत कदम बढ़ा दिया।

बारिश से प्रभावित इस मुकाबले में खेल कई बार बाधित हुआ, जिसके चलते बांग्लादेश को डकवर्थ-लुईस नियम के तहत 165 रनों का संशोधित लक्ष्य मिला। हालांकि भारतीय गेंदबाजों ने दबाव भरी और अनुशासित गेंदबाजी करते हुए बांग्लादेशी बल्लेबाजों को लक्ष्य के करीब भी नहीं पहुंचने दिया।

एक समय बांग्लादेश की स्थिति मजबूत नजर आ रही थी और टीम ने 124 रन पर 4 विकेट गंवाए थे, लेकिन इसके बाद मैच ने अचानक करवट ले ली। भारतीय गेंदबाजों ने शानदार वापसी करते हुए महज 22 रनों के भीतर बांग्लादेश के आखिरी सात विकेट झटक लिए। पूरी बांग्लादेशी टीम 146 रन पर सिमट गई।

भारत की जीत में सबसे बड़ी भूमिका विहान मल्होत्रा की रही। उन्होंने घातक गेंदबाजी करते हुए सिर्फ 4 ओवर में 14 रन देकर 4 बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन के लिए उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया।

कुंडू और सूर्यवंशी की अहम पारियां

इससे पहले भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 238 रन बनाए। टीम को इस सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने में अभिज्ञान कुंडू और वैभव सूर्यवंशी की अर्धशतकीय पारियों का अहम योगदान रहा।

बांग्लादेश के तेज गेंदबाज अल फहाद ने भारतीय बल्लेबाजी क्रम को खासा परेशान किया और शानदार गेंदबाजी करते हुए पांच विकेट अपने नाम किए। उनकी सटीक लाइन-लेंथ के सामने भारतीय बल्लेबाज खुलकर रन नहीं बना सके।

टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने के बांग्लादेश के फैसले को शुरुआती दौर में उसके गेंदबाजों ने सही साबित किया। हालांकि वैभव सूर्यवंशी ने हालात को समझते हुए आक्रामक के बजाय संयमित बल्लेबाजी की और 67 गेंदों में 72 रन बनाए। उनकी पारी में 6 चौके और 3 छक्के शामिल रहे।

वहीं अभिज्ञान कुंडू ने धैर्यपूर्ण खेल का शानदार उदाहरण पेश किया। दो जीवनदानों का पूरा लाभ उठाते हुए उन्होंने 112 गेंदों पर 80 रन की अहम पारी खेली, जिसमें 4 चौके और 3 छक्के शामिल थे।

इस जीत के साथ भारतीय अंडर-19 टीम ने साफ संकेत दे दिया है कि वह खिताब की प्रबल दावेदारों में शामिल है।