हिमाचल प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। मंगलवार को रोहतांग और बारालाचा दर्रे में बर्फबारी दर्ज की गई, जबकि कुल्लू में बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। वहीं राजधानी शिमला में दिनभर धूप खिली रही। मौसम विभाग ने बुधवार के लिए भी प्रदेश के कई हिस्सों में खराब मौसम की चेतावनी जारी की है।

कई जिलों में अलर्ट जारी

मौसम विभाग के अनुसार कुल्लू, मंडी और शिमला में बारिश और ओलावृष्टि को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जबकि अन्य जिलों में येलो अलर्ट लागू है। पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते 16 मई तक प्रदेश में मौसम के खराब बने रहने की संभावना जताई गई है।

मैदानी इलाकों में गर्मी, पहाड़ों में सर्दी-बर्फबारी

मंगलवार को ऊना, कांगड़ा, मंडी, बिलासपुर, हमीरपुर और सिरमौर जैसे मैदानी जिलों में मौसम साफ रहा और धूप खिलने से तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। वहीं कुल्लू और लाहौल-स्पीति घाटी में लगातार दूसरे दिन भी मौसम बिगड़ा रहा। ऊंची चोटियों पर बर्फबारी और निचले इलाकों में रुक-रुक कर बारिश देखने को मिली। कुल्लू में हल्की ओलावृष्टि ने भी लोगों की परेशानी बढ़ाई।

भूस्खलन और बारिश से जनजीवन प्रभावित

ढालपुर में लगे अस्थायी बाजार में व्यापारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। वहीं पांगी से चंबा जा रही टैक्सियां सचे जोत क्षेत्र में करीब दो घंटे तक फंसी रहीं, जिन्हें बाद में लोक निर्माण विभाग की मशीनरी की मदद से सुरक्षित निकाला गया।

चंबा-पठानकोट हाईवे पर जांघी के पास एक निजी बस पर पहाड़ी से पत्थर गिर गए, जिससे चालक घायल हो गया, हालांकि बस में सवार सभी 45 यात्री सुरक्षित रहे।

चंबा जिले में बारिश के कारण बिजली व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। रिपोर्ट के अनुसार 92 ट्रांसफार्मर बंद होने से करीब 460 गांवों में अंधेरा छा गया।

ठंड बढ़ी, तापमान में गिरावट

ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड और बढ़ गई है। लाहौल-स्पीति के केलांग में न्यूनतम तापमान 1.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। कुकुमसेरी में 4.3, ताबो में 5.5, कल्पा में 7.6 और भरमौर में 6.0 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।