पटियाला। सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया मंगलवार को पटियाला की नाभा जेल से बाहर आ गए। जेल से बाहर निकलते ही सैकड़ों समर्थक उन्हें देखने और स्वागत करने के लिए जुट गए। मजीठिया ने अपनी गाड़ी पर खड़े होकर समर्थकों का अभिवादन स्वीकार किया और हाथ में मूंछों को ताव देकर खुशी जताई, जिससे वहां उत्साह का माहौल बन गया।
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ के समक्ष सुनवाई के बाद मजीठिया को राहत दी। मजीठिया ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें उन्हें जमानत देने से इंकार किया गया था।
इस फैसले पर वित्त मंत्री हरपाल चीमा और आम आदमी पार्टी के पंजाब मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने कहा कि जमानत मिल जाने का अर्थ किसी की बरी होने से नहीं है और मजीठिया के खिलाफ जांच अभी जारी है।
वर्ष 2025 में 25 जून को विजिलेंस ने मजीठिया को गिरफ्तार किया था। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मजीठिया पिछले सात महीनों से हिरासत में थे और हाईकोर्ट ने दिसंबर में दिए अपने आदेश में जांच को प्रभावित करने की संभावना को देखते हुए उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। अब उन्हें सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद जेल से बाहर आने की अनुमति मिली है।