ग्रेटर नोएडा। उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में एक भयानक हादसा हुआ है, जिसमें सिर्फ तीन साल का मासूम देवांश खेलते-खेलते गड्ढे में गिरकर मौत के शिकार हो गया। यह घटना दलेलगढ़ गांव में हुई, जहां बच्चा अपने मामा के घर आयोजित धार्मिक अनुष्ठान में आया था।
गड्ढा और उसकी खतरनाक स्थिति
बताया जा रहा है कि बच्चा शनिवार दोपहर खेलते-खेलते छह से सात फीट गहरे गड्ढे में गिर गया। ग्रामीणों का आरोप है कि यह गड्ढा पशुचर भूमि पर है और पहले भी ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को इसकी तारबंदी करने की शिकायत की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। प्राधिकरण ने इसे किसानों की निजी जमीन बताते हुए कहा कि सीधे हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता।
मौके पर हड़कंप और बचाव प्रयास
भंडारे के दौरान खेल रहे देवांश का अचानक कोई पता न चलने पर परिजन और रिश्तेदार उसे ढूंढने लगे। थोड़ी देर बाद किसी ने समाधि स्थल के पास गड्ढे में भरे पानी में बच्चे की टोपी देखी। लोग तुरंत पानी में उतरे और उसे बाहर निकाला। बच्चे को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस दुखद घटना से भंडारे का माहौल मातमी हो गया।
प्रशासन और प्राधिकरण ने किया निरीक्षण
घटना की जानकारी मिलते ही सदर तहसीलदार डॉ. अजय, नायब तहसीलदार ज्योत सिंह और लेखपाल मौके पर पहुंचे। रविवार को उप जिलाधिकारी आशुतोष गुप्ता ने भी स्थल का निरीक्षण किया। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की टीम ने भी जांच में हिस्सा लिया।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
ग्रामीणों ने कहा कि गड्ढा वर्षों से ऐसा ही पड़ा हुआ था और इसमें बारिश और नालियों का पानी भरता रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्राधिकरण के अधिकारियों को पहले भी इस खतरे की जानकारी दी गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
प्राधिकरण का बयान
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के जीएम एके सिंह ने बताया कि हादसे वाले खसरा संख्या 373 की भूमि निजी किसानों की है, इसलिए प्राधिकरण सीधे कोई कार्रवाई नहीं कर सकता। एडीसीपी सुधीर सिंह ने कहा कि परिवार की ओर से अभी तक कोई शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर उचित कार्रवाई की जाएगी।