मुजफ्फरनगर जिले के बुढ़ाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए अंतर्राज्यीय वाहन चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब 1.80 करोड़ रुपये कीमत की तीन लग्जरी फॉर्च्यूनर गाड़ियां बरामद की हैं।

पुलिस के अनुसार, यह गिरोह महंगी एसयूवी गाड़ियां चोरी कर उनके इंजन और चेसिस नंबर में बदलाव कर देता था। इसके बाद फर्जी कागजात तैयार कर वाहनों को दूसरे लोगों को बेच दिया जाता था।

मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई

रविवार को पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग चोरी और फाइनेंस के वाहनों के इंजन व चेसिस नंबर बदलकर उन्हें अवैध रूप से बेच रहे हैं। सूचना के आधार पर बुढ़ाना पुलिस ने बुढ़ाना-कांधला मार्ग से विज्ञाना मार्ग के पास स्थित एक खंडहर में छापा मारा।

पुलिस टीम ने घेराबंदी कर मौके से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी और बरामद वाहन

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आदिल (30) निवासी कुलगाम, कश्मीर और मनीष (32) निवासी मेरठ के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से तीन फॉर्च्यूनर कारें बरामद की हैं। इनमें दो गाड़ियों पर नंबर प्लेट नहीं थी, जबकि एक पर फर्जी नंबर प्लेट लगी हुई थी।

जांच में सामने आया है कि बरामद गाड़ियां दिल्ली के वसंत विहार, फर्श बाजार और लक्ष्मी नगर थाना क्षेत्रों से चोरी की गई थीं।

गिरोह की कार्यप्रणाली

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका गिरोह खासतौर पर महंगी लग्जरी गाड़ियों को निशाना बनाता था। चोरी के बाद गाड़ियों के असली चेसिस नंबर मिटा दिए जाते थे और उनकी जगह फर्जी नंबर डालकर नकली दस्तावेज तैयार किए जाते थे। इसके बाद वाहनों को बेचकर गिरोह के सदस्य मोटी रकम कमाते थे।

आपराधिक रिकॉर्ड की जांच

पुलिस के मुताबिक आरोपी मनीष के खिलाफ पहले से भी मेरठ के परतापुर थाने में एक मामला दर्ज है। दोनों आरोपियों के खिलाफ बुढ़ाना थाने में भी नया मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और उनके आपराधिक नेटवर्क की जांच कर रही है।

पुलिस टीम को मिला पुरस्कार

इस कार्रवाई के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने बुढ़ाना पुलिस टीम को 15 हजार रुपये का नकद इनाम देने की घोषणा की है। अधिकारियों का कहना है कि गिरोह के पकड़े जाने से क्षेत्र में वाहन चोरी की घटनाओं पर रोक लगने की उम्मीद है।