मुजफ्फरनगर में शाहपुर थाना पुलिस द्वारा दो युवकों तुषार वर्मा और वंश वर्मा के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई के विरोध में बुधवार को शहर का सर्राफा बाजार पूरी तरह बंद रहा। जिला सर्राफा एसोसिएशन के नेतृत्व में व्यापारियों ने सड़कों पर उतरकर धरना-प्रदर्शन किया और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

व्यापारियों का आरोप

प्रदर्शनकारी व्यापारियों का दावा है कि पुलिस ने दोनों युवकों के खिलाफ गलत तरीके से मुकदमा दर्ज किया। उनका कहना है कि तुषार और वंश पर केवल एक साल पुराना अवैध तमंचा बरामदगी का मामला था, जिसमें वे पहले ही जेल जा चुके हैं। अब उन्हें बिना कारण दोबारा निशाना बनाया जा रहा है।

व्यापारी बताते हैं कि तुषार वर्मा सर्राफा बाजार में ‘ओम ज्वेलर्स’ पर काम करते हैं, जबकि वंश वर्मा भी इसी इलाके में व्यवसाय से जुड़े हैं। उनका आरोप है कि पुलिस लगातार दोनों युवकों को परेशान कर रही थी और अब उन्हें झूठे मामलों में फंसा दिया गया।

व्यापारियों में भारी रोष

जिला सर्राफा एसोसिएशन के मंत्री स्वराज वर्मा ने कहा कि पुलिस नवयुवकों को बेवजह फंसाने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने युवकों को घर से उठाया, जबकि बाद में दावा किया गया कि उन्हें जंगल से पकड़ा गया।

धरने के दौरान व्यापारियों में भारी रोष देखा गया। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए जाते, उनका आंदोलन जारी रहेगा। बाजार बंद रहने के कारण व्यापार पूरी तरह प्रभावित हुआ और पूरे क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है।