अयोध्या: राम पथ फिर धंसा, करोड़ों की सड़क निर्माण पर उठे सवाल

HIGHLIGHTS
- अयोध्या: करोड़ों रुपये की लागत से बने राम पथ की गुणवत्ता एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है।
- शनिवार को अमानीगंज स्थित जलकल विभाग के पास सड़क का एक हिस्सा अचानक धंस गया, जिससे सीवर लाइन के ऊपर करीब ढाई फीट गहरा गड्ढा बन गया।
- इस घटना से इलाके में यातायात प्रभावित हुआ और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
- हैरानी की बात यह रही कि धंसी हुई सड़क को ढकने के लिए मौके पर डस्टबिन रख दिए गए, जिससे स्थिति को छिपाने की कोशिश की गई।
- इस लापरवाही को लेकर भी लोगों ने नाराजगी जताई।
- जानकारी के अनुसार, ल…
अयोध्या: करोड़ों रुपये की लागत से बने राम पथ की गुणवत्ता एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। शनिवार को अमानीगंज स्थित जलकल विभाग के पास सड़क का एक हिस्सा अचानक धंस गया, जिससे सीवर लाइन के ऊपर करीब ढाई फीट गहरा गड्ढा बन गया। इस घटना से इलाके में यातायात प्रभावित हुआ और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
हैरानी की बात यह रही कि धंसी हुई सड़क को ढकने के लिए मौके पर डस्टबिन रख दिए गए, जिससे स्थिति को छिपाने की कोशिश की गई। इस लापरवाही को लेकर भी लोगों ने नाराजगी जताई।
जानकारी के अनुसार, लगभग 13 किलोमीटर लंबे इस राम पथ का निर्माण सरकार की ओर से बड़े पैमाने पर कराया गया था, लेकिन इसके शुरू होने के बाद से ही जगह-जगह धंसने की घटनाएं सामने आती रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण के दौरान गुणवत्ता मानकों की अनदेखी की गई, जिसका नतीजा बार-बार सामने आ रहा है।
यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी राम पथ पर कई बार सड़क धंसने की शिकायतें मिल चुकी हैं, जिनकी संख्या 10 से अधिक बताई जा रही है। बार-बार हो रही इन घटनाओं ने निर्माण एजेंसियों की कार्यशैली और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि सड़क अपनी तय उम्र पूरी करने से पहले ही खराब हो रही है, जो निर्माण की गुणवत्ता पर बड़ा सवाल है। बारिश से पहले ही इस तरह की घटना सामने आने से प्रशासन की तैयारियों पर भी सवाल उठ रहे हैं। लोगों ने मामले की जांच और जिम्मेदारों पर कार्रवाई के साथ-साथ स्थायी समाधान की मांग की है।
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