सोमालिया के तट पर एमवी लीला नॉरफॉक जहाज हाईजैक हो गया था, जिसमें 15 भारतीय समेत 21 क्रू मेंबर्स शामिल थे। अगवा होने के बाद इन सभी 21 सदस्यों को भारतीय नेवी ने सकुशल बचा लिया है। भारतीय सेना ने हाईजैक की जाने के बाद सोमालिया के तट के पास ऑपरेशन शुरू किया था। भारतीय सेना ने समुद्री लुटेरों को चेतावनी दी थी और अगवा किए गए सभी लोगों को छोड़ने की अपील की थी। जानकारी के मुताबिक जब भारतीय सेना के कमांडो जहाज पर उतरे तो लुटेरे उन्हें देखकर फरार हो गए। 

न्यूज एजेंसी एएनआई की मानें तो भारतीय सेना के प्रमुख एडमिरल आर हरि कुमार ने अरब सागर में भारतीय युद्धपोतों को समुद्री लुटेरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश जारी किए है। व्यापारिक जहाजों पर होने वाले हमलों पर लगाम लगाने के लिए अरब सागर में सेना ने चार युद्धपोत तैनात किए हैं, ताकि निगरानी सख्ती के साथ की जा सके। 

इस मामले पर नौसेना के प्रवक्ता कमांडर विवेक मधवाल का भी बयान आया है। उन्होंने कहा कि भारतीय नौसेना की कमांडो ने जैसे ही जहाज पर कदम रखा वैसे ही लुटेरे वहां से फरार हो गए। अधिकारी ने बताया है कि कमांडो ने जहाज की गंभीरता के साथ जांच की लेकिन वहां अपहरणकर्ता नहीं मिले। भारतीय नौसेना के कमांडो युद्धपोत के जरिए जैसे ही अपहृत की गई नाव के पास पहुंचे वैसे ही समुद्री डाकू इस नांव को छोड़कर फरार हो गए।

बता दें कि नौसेना के कमांडो पांच जनवरी को वाणिज्यिक जहाज एमवीलीला नॉरफोक पर उतरे थे। यहीं पर सभी 21 लोगों को बचाने के लिए सेना ने ऑपरेशन चलाया था। कमांडो नॉरफॉक जहाज तक आईएनएस चेन्नई से गए थे। बता दें कि एमवीलीला नॉरफोक की हाईजैक की जानकारी चार जनवरी को मिली थी। ये जानकारी यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (यूकेएमटीओ) ने दी थी