सुल्तानपुर में दायर मानहानि केस में, जिसमें गृहमंत्री अमित शाह पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप हैं, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और रायबरेली सांसद राहुल गांधी के खिलाफ बहस 12 अप्रैल को होगी। एमपी-एमएलए विशेष कोर्ट के मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा ने सोमवार को बचाव पक्ष को पहले बंधपत्र दाखिल करने का निर्देश दिया।

राहुल गांधी के अधिवक्ता ने अदालत को बताया कि उन्हें इस मामले में किसी सफाई साक्ष्य की आवश्यकता नहीं है। इसके बाद कोर्ट ने बहस की अगली तिथि 12 अप्रैल तय करते हुए बचाव पक्ष को बंधपत्र दाखिल करने का आदेश दिया।

मामले की पृष्ठभूमि

परिवादी भाजपा नेता विजय मिश्र के वकील ने कहा कि आरोप 2018 के हैं, जब राहुल गांधी पर बेंगलुरु में अमित शाह के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया था।

इस मामले में राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का परिवाद 4 अगस्त 2018 को दायर किया गया था। गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट ने 27 नवंबर 2023 को उन्हें विचारण के लिए तलब किया था। राहुल गांधी कोर्ट में उपस्थित होकर अपनी जमानत करा चुके हैं और उनका बयान दर्ज हो चुका है।