पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा संवैधानिक घटनाक्रम सामने आया है। राज्यपाल ने राज्य विधानसभा को भंग करने का आदेश जारी कर दिया है। लोक भवन, पश्चिम बंगाल की ओर से जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति में इसकी पुष्टि की गई है।
जारी अधिसूचना के अनुसार, यह निर्णय संविधान के अनुच्छेद 174(2)(b) के तहत राज्यपाल को प्राप्त अधिकारों के आधार पर लिया गया है। आदेश में कहा गया है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा को 7 मई 2026 से प्रभावी रूप से भंग माना जाएगा।
इस फैसले के बाद राज्य में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और विभिन्न दलों के बीच चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। इसे राज्य की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ के रूप में देखा जा रहा है।Governor of West Bengal, RN Ravi, has issued an Order dissolving the West Bengal Legislative Assembly with effect from 07 May 2026. pic.twitter.com/IuEAylWege
— ANI (@ANI) May 7, 2026
इसी बीच कोलकाता में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की विधायक दल की अहम बैठक होने वाली है। इस बैठक को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिसमें मौजूदा राजनीतिक हालात और आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा। बैठक में केंद्रीय पर्यवेक्षक के तौर पर अमित शाह के शामिल होने की भी संभावना है।