बिहार में 13 नवंबर को चार सीटों पर उपचुनाव होना है। सभी घटक दलों के नेता अपने-अपने प्रत्याशियों को जीतने के लिए जोर लगा रहे हैं। गया जिले के दो विधानसभा सीट बेलागंज और इमामगंज में चुनाव होना है। दोनों सीटों पर महागठबंधन और एनडीए लगातार कसरत कर रही है। चुनाव की तिथि जैसे-जैसे नजदीक आ रही है, नेता एक-दूसरे पर जुबानी हमला कर रहे हैं। इसी क्रम में सोमवार को बेलागंज विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए सरकार के मंत्री ललन सिंह ने जहानाबाद राजद सांसद डा सुरेंद्र यादव और लालू यादव और राबड़ी देवी पर जमकर हमला किया।
दानव को बेलागंज से मुक्त करना है
सरकार के मंत्री ललन सिंह ने कहा कि बहुत दिन बेलागंज में आप लोग गुलामी सह लिए, इसलिए दानव को बेलागंज से मुक्त करना है। आज मैंने बाबा कोटेश्वर धाम मंदिर में माथा टेक कर चुनाव प्रचार शुरू किया हूं। माता टेककर चले हैं ताकि बेलागंज के लोगों को दोनों से मुक्त किया जा सके। कोटेश्वर धाम आने के लिए जज साहब कई बार कहे लेकिन, आने का मौका नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि बाबा का यही मन था कि बेलागंज से दानव से मुक्त किया जाय इसलिए आज हम यहां पहुंच गए। ललन सिंह ने कहा कि जब मैं सड़क मंत्री था तब कई सड़कों को बनवाया, सिंचाई मंत्री रहे तो सिंचाई पर काम किया। नीतीश कुमार की सरकार काम पर विश्वास करती है। जब-जब मौका मिला तब-तब हमलोगों ने काम किया। चाहे सड़क हो, शिक्षा हो, सिंचाई हो या अन्य बुनियादी सुविधाएं सभी पर कार्य किया गया।
उसका गुरु पति और पत्नी हैं, जो बिहार में कई घोटालों में शामिल रहे हैं
सरकार के मंत्री ललन सिंह ने जहानाबाद सांसद डॉ सुरेंद्र प्रसाद यादव को दानव बताते हुए कहा कि उसका गुरु पति और पत्नी हैं, जो बिहार में चारा घोटाला, अलकतरा घोटाला सहित कई घोटालों में रहे है।राजा ही चोरी करने लगा था, चारा घोटाला में सजा मिली हैं। अब आराम से घर में बैठकर प्रवचन दे रहे हैं। पति-पत्नी के राज में बिहार का बजट 25 हजार करोड़ रुपया हुआ करता था जो मार्च आते–आते 17 हजार करोड़ पर सिमट जाता था।
नीतीश कुमार के राज में 2 लाख 72 हजार करोड़ रुपए का बजट है, जिसको जनता ने भरोसा दिया कि आप बिहार का खजाना की रक्षा कीजिए, हमारे लिए विकास कीजिए। उसी खजाना को राजा ने लूट लिया। ऐसा इतिहास में भी नहीं। लालू यादव ने इतिहास बनाया है। नीतीश कुमार के राज्य में किसी को डरने की जरूरत नहीं है। सीना ठोककर कहिए कि तुमको वोट नहीं देंगे, जो बिगाड़ना है बिगाड़ लो।
लालू-राबड़ी पर भी खूब बोले
नीतीश कुमार 20 साल से बिहार के मुख्यमंत्री है। इससे पहले बिहार में क्या था। ना सड़क थी, ना बिजली और ना कानून व्यवस्था थी। गरीब गुरबों के लिए ना कोई व्यवस्था थी। जो पति-पत्नी है, उनके राज में 25 हजार करोड़ रुपये का बजट होता था। मार्च आते-आते 15 से 17 करोड़ तक टांय-टांय फीस हो जाता था। आज बिहार का बजट 2 लाख 72 करोड़ है। आप समझे दोनों में कितना अंतर है।
वहीं उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार में पैसे के लिए पेड़ नहीं लगाया है। इसी बजट के पैसे से बिहार की जनता के लिए काम किया जा रहा है। क्योंकि नीतीश सरकार ईमानदारी से एक-एक पैसा जनता के हक में लगाने का काम किया। वहीं जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि बेलागंज की जनता पहले बाप का झोला ढोया है अब बेटा का भी झोला ढोएगा क्या..?इस बार ऐसा तीर चलाइए कि लालटेन चकनाचूर हो जाए तभी लंपट राजनीत खत्म होगा। बेलागंज से जदयू प्रत्याशी पूर्व एमएलसी मनोरमा देवी है। वहीं राजद से डॉ सुरेंद्र प्रसाद यादव का बेटा विश्वनाथ कुमार सिंह चुनावी मैदान में है।