नई दिल्ली। भारत आज 26 जनवरी 2026 को अपना 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राजधानी के कर्तव्य पथ पर कुछ ही देर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगी, जिसके बाद परेड और झांकियों का भव्य आयोजन होगा। इस वर्ष समारोह की थीम ‘वंदे मातरम् के 150 वर्ष’ रखी गई है।
इस अवसर पर यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद हैं।

कर्तव्य पथ पर होने वाली परेड में देश की सांस्कृतिक विविधता, सैन्य शक्ति और लोकतांत्रिक मूल्यों की झलक देखने को मिलेगी। यह दिवस 26 जनवरी 1950 को लागू हुए संविधान की याद दिलाता है, जिसने भारत को एक संप्रभु और लोकतांत्रिक गणराज्य बनाया।

भारतीय नौसेना ने दी शुभकामनाएं

भारतीय नौसेना ने गणतंत्र दिवस पर संदेश जारी करते हुए कहा कि वह सम्मान, साहस और पेशेवर निष्ठा के साथ देश की समुद्री सीमाओं की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

बलूच नेता मीर यार बलूच का संदेश

बलूच नेता मीर यार बलूच ने सोशल मीडिया पर भारत को बधाई देते हुए कहा कि भारत और बलूचिस्तान के संबंध सदियों पुराने हैं। उन्होंने इसे सांस्कृतिक, व्यापारिक और सभ्यतागत रिश्तों की मजबूत विरासत बताया, जो समय के साथ और गहरे हुए हैं।

चीन ने भी भेजा शुभकामना संदेश

चीनी सरकारी एजेंसी के अनुसार, राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने राष्ट्रपति मुर्मु को बधाई दी और दोनों देशों को अच्छे पड़ोसी, मित्र और साझेदार बताया। उन्होंने कहा कि पिछले एक वर्ष में भारत-चीन संबंधों में सकारात्मक प्रगति हुई है, जो वैश्विक शांति और समृद्धि के लिए महत्वपूर्ण है।

कर्तव्य पथ पर उमड़ा जनसैलाब

गणतंत्र दिवस की भव्य परेड देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग कर्तव्य पथ पर पहुंचे हैं। राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य विशिष्ट अतिथि भी कार्यक्रम में शामिल होंगे।

राहुल गांधी का संदेश

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि संविधान हर भारतीय की सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने लिखा कि यही दस्तावेज हमारे अधिकारों की रक्षा करता है और समानता व भाईचारे की नींव रखता है।

राजनाथ सिंह और ओम बिरला ने फहराया तिरंगा

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अपने-अपने आवास पर तिरंगा फहराकर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं।

सेना प्रमुख का राष्ट्र के नाम संदेश

भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कहा कि गणतंत्र दिवस उन वीर सपूतों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर है, जिनके साहस और बलिदान से देश की स्वतंत्रता और संप्रभुता सुरक्षित है।