शिमला। हिमाचल प्रदेश में चार नगर निगमों के आए चुनाव परिणामों ने सत्तारूढ़ कांग्रेस को बड़ा झटका दिया है, जबकि भारतीय जनता पार्टी ने तीन प्रमुख नगर निगमों—धर्मशाला, मंडी और सोलन—में मजबूत बढ़त हासिल कर ली है। कांग्रेस के खाते में सिर्फ पालमपुर नगर निगम की सत्ता आई है।

पिछले चुनाव (2021) में कांग्रेस ने पालमपुर और भाजपा ने मंडी में बहुमत हासिल किया था। वहीं सोलन में निर्दलीयों के समर्थन से कांग्रेस का महापौर और भाजपा का उपमहापौर चुना गया था। धर्मशाला में बहुमत के बावजूद उस समय सत्ता संतुलन अलग रहा था, लेकिन इस बार समीकरण पूरी तरह बदल गए हैं।

इस चुनाव को आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है, जहां भाजपा इसे सत्ता-विरोधी लहर के संकेत के रूप में देख रही है।

चार नगर निगमों में भाजपा का दबदबा

चार में से तीन नगर निगमों में भाजपा ने स्पष्ट बढ़त बनाई है।

  • धर्मशाला: 17 वार्डों में भाजपा ने 11, कांग्रेस ने 5 और एक सीट निर्दलीय के खाते में गई।
  • मंडी: 15 वार्डों में भाजपा ने 12 सीटों पर जीत दर्ज की, कांग्रेस को सिर्फ एक सीट मिली। एक वार्ड पर नामांकन न होने के कारण चुनाव नहीं हुआ।
  • सोलन: पहली बार भाजपा ने यहां बहुमत हासिल किया। 17 वार्डों में भाजपा को 10, कांग्रेस को 6 और एक सीट निर्दलीय को मिली।
  • पालमपुर: कांग्रेस ने अपना गढ़ बरकरार रखते हुए 15 में से 11 वार्डों पर जीत दर्ज की, जबकि भाजपा को 4 सीटें मिलीं।

राज्य निर्वाचन आयोग के अनुसार, कुल 63 वार्डों में हुए चुनाव में भाजपा ने 37 सीटें, कांग्रेस ने 23 और 3 सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों के नाम रहीं।

कांग्रेस की हार के पीछे अंदरूनी खींचतान

विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस की हार के पीछे टिकट वितरण को लेकर असंतोष और अंदरूनी गुटबाजी बड़ी वजह रही। बताया जा रहा है कि कई नगर निगमों में उम्मीदवारों के नाम अंतिम समय तक बदले जाते रहे, जिससे संगठनात्मक अस्थिरता देखने को मिली।

मंडी में टिकट को लेकर विवाद इतना बढ़ा कि पार्टी के भीतर मतभेद खुलकर सामने आ गए। सोलन में भी कई बार प्रत्याशियों के नाम बदले गए, जिससे कार्यकर्ताओं में असमंजस की स्थिति बनी रही।

मेयर-डिप्टी मेयर को लेकर स्थिति साफ

चुनाव परिणामों के बाद अब लगभग तय माना जा रहा है कि धर्मशाला, मंडी और सोलन नगर निगमों में भाजपा का महापौर और उपमहापौर होगा। वहीं पालमपुर में कांग्रेस के पास दोनों पद रहेंगे।