कांग्रेसी नेताओं के ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के लगातार छापों पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस की गारंटियों से भाजपा बौखला गई है। भाजपा के इशारे पर केंद्रीय एजेंसी ईडी काम कर रही है। कल हमने दो गारंटियां दीं तो ईडी ने आज दो कांग्रेसी नेताओं के यहां छापे मारे। कल जब पांच गारंटियां और देंगे तो पता नहीं क्या-क्या करेंगे? उन्होंने कहा कि भाजपा ईडी का जितना दुरुपयोग करेगी, कांग्रेस की सीटें उतनी ही बढ़ेंगी। गहलोत ने कहा कि जिन राज्यों में विपक्ष की चुनावी फसल अच्छी होती है, वहां ईडी दल फसल नष्ट करने पहुंच जाता है। भाजपा के हाथों की कठपुतली बना ईडी अब चुनावी टिड्डी दल बनकर रह गया है।
हमारी गारंटियों से घबराकर बौखला गई है भाजपा
मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि शेखावटी की धरती पर कल कांग्रेस ने आगामी चुनाव के लिए दो गारंटियां दीं। पहली गारंटी परिवार की महिला मुखिया को हर साल 10 हजार रुपये और दूसरी गारंटी 1.4 करोड़ परिवारों को 500 रुपये में सिलेंडर की, और आज बौखलाहट में केन्द्र की भाजपा सरकार ने हमारे दो नेताओं कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और किसान पुत्र गोविन्द सिंह डोटासरा और कांग्रेस प्रत्याशी ओम प्रकाश हुडला के घर चुनावी विंग की तरह काम कर रही ईडी को भेज दिया। अब मेरे पुत्र वैभव को ईडी ने नोटिस दे दिया और दिल्ली बुलाया है। उन्होंने कहा कि अब मैं कल पांच और गारंटियां अनाउंस करने जा रहा हूं, उम्मीद करता हूं कि परसों कम से कम पांच कांग्रेस नेताओं के घर पर केन्द्रीय एजेंसियों की रेड होगी। भाजपा की कोशिश है कि हमारी राहत वाली योजनाओं और घोषणाओं को किस तरह से रोका जाए और उनके लोग इसके लिए वो पूरी तरह काम कर रहे हैं। ऐसा लगता है कि ईडी के लोगों ने राजस्थान में ही किराये पर मकान ले लिए होंगे और अपनी फैमिली को भी यहां शिफ्ट कर लिया होगा क्योंकि अब तो उन्हें यहां ही 25 नवंबर तक लगे रहना है।
संजीवनी घोटाले पर कार्रवाई के लिए छह पत्र लिखे थे, उनका क्या हुआ
मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि राज्य सरकार की एसओजी ने संजीवनी घोटाले पर कार्रवाई करने के लिए ईडी को 6 बार पत्र लिखे। मैं याद दिलाना चाहता हूं कि यह पत्र एसओजी ने वर्ष 2021 से 2023 के बीच लिखे। संजीवनी घोटाले पर कार्रवाई का अनुरोध किया गया था, उनका क्या हुआ? शायद इन छह पत्रों में उपलब्ध करवाई गई जानकारी के आधार पर वो कार्रवाई करना भूल गए हैं या उन्हें राजस्थान आने में आलस आया होगा पर अब क्योंकि वे यहीं रहने लगे हैं तो संजीवनी घोटाले पर भी कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि इस घोटाले के आरोपी तो अब हाईकोर्ट में एसओजी के चालान पर स्टे लेने पहुंच रहे हैं, ईडी जल्दी कार्रवाई कर ले नहीं तो वो ईडी की कार्रवाई पर भी स्टे लेने ना चले जाएं।
विपक्षी दल कर रहे हैं ईडी का स्वागत
सीएम गहलोत ने कहा कि विपक्ष की पार्टियां अब ईडी का स्वागत कर रही हैं, क्योंकि यह उनकी चुनावी जीत का प्रतीक बन गया है। उन्होंने कहा कि बीते सालों में जहां-जहां चुनाव हुए हैं, वहां एक स्पष्ट पैटर्न दिख रहा है। जहां केन्द्रीय एजेंसियों की कार्रवाई ज्यादा होने लगे वहां समझ जाइए कि विपक्षी पार्टी की सरकार बन रही है। बंगाल में केन्द्रीय एजेंसियों की कार्रवाई हुई, टीएमसी की सरकार बनी। हिमाचल में केन्द्रीय एजेंसियों ने हमारे नेताओं को परेशान किया तो कांग्रेस की सरकार बनी। कर्नाटक में केन्द्रीय एजेंसियों ने हमारे नेताओं को परेशान किया, वहां के पीसीसी चीफ को इसी ईडी ने तंग किया तो वहां हमारी सरकार बनी। अब राजस्थान और छत्तीसगढ़ में केन्द्रीय एजेंसियां बार-बार आ रही हैं और हर बार हमारी सीटों की संख्या बढ़ती जा रही है। हम जानते हैं कि जैसे-जैसे चुनाव आगे बढ़ेगा और कांग्रेस विजय की ओर आगे बढ़ेगी, केन्द्र की भाजपा सरकार ऐसे और कदम उठाएगी। ऐसी कार्रवाइयों से कांग्रेस कार्यकर्ताओं का विजय और राजस्थान में भाजपा के सफाये का संकल्प और मजबूत होगा।
इससे पहले गहलोत ने ट्वीट कर साधा था निशाना
छापों की खबर आते ही मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोशल मीडिया पर लिखा कि 25 अक्टूबर को कांग्रेस ने महिलाओं के लिए गारंटी लॉन्च की। वहीं, 26 अक्टूबर को राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के यहां ईडी की रेड हुई। मेरे बेटे वैभव को हाजिर होने का समन मिला है। अब आप समझ सकते हैं कि जो मैं कहता आ रहा हूं कि राजस्थान के अंदर ईडी की रेड रोज इसलिए होती है क्योंकि भाजपा ये नहीं चाहती कि राजस्थान में महिलाओं को, किसानों को, कांग्रेस द्वारा दी जा रही गारंटियों का लाभ मिल सके।
वैभव गहलोत से इन मुद्दों पर होगी पूछताछ!
ईडी ने वैभव गहलोत को समन जारी किया है। इस दौरान वे उनकी प्रोपराइटरशिप, पार्टनरशिप पर सवाल होंगे। इसके साथ ही वे जिन फर्मों में निदेशक, एमडी और ट्रस्टी हैं, उनसे जुड़े सवाल रहेंगे। 2007 से अब तक के खुद के और परिवार की चल-अचल संपत्ति का ब्योरा भी सवालों में घिरा है। उनके भारत के बाहर के व्यवसाय की जानकारी के साथ ही 2007 के बाद के ट्रांजेक्शन की जानकारी भी ली जाएगी। ट्रायटन होटल एंड रिजॉर्ट प्राइवेट लिमिटेड, वर्धा एंटरप्राइज, नोबेल इंडिया कंस्ट्रक्शन, मयंक शर्मा EPL कंपनी, हितेश, अशोक और नरेंद्र सहित कई मुद्दों पर बातचीत होगी!