पश्चिम एशिया का संकट मंगलवार को भी लगातार बढ़ता रहा। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान के साथ बातचीत के दावों के बावजूद क्षेत्र में हिंसा पूरी ताकत के साथ जारी रही। इजरायल ने रातभर ईरान के 50 से अधिक सैन्य ठिकानों और उत्पादन केंद्रों पर बमबारी की, जबकि लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिण में भी ताबड़तोड़ हमले हुए।

ईरान के ऊर्जा केंद्रों पर हमले

ट्रंप के आदेशों के विपरीत, ईरान के दो ऊर्जा केंद्रों पर हमला किया गया। जवाब में ईरान ने इजरायल और पश्चिम एशिया के विभिन्न ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमलों की बारिश कर दी। तेल अवीव के केंद्र पर ईरानी मिसाइल गिरी, जिसमें लगभग 100 किलो विस्फोटक लगा था।

इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र में छह मिसाइल हमलों में छह कुर्द लड़ाके मारे गए और 30 घायल हुए। ईरान ने बातचीत के प्रस्तावों को खारिज कर दिया है और कहा कि ‘संपूर्ण विजय’ होने तक संघर्ष जारी रहेगा।

तेल की कीमतों में उछाल

इरानी हमलों के असर से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमत बढ़कर 101.77 डॉलर प्रति बैरल हो गई, जो 1.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी है।

ईरान के हमले और नुकसान

एपी के अनुसार, ईरान ने इस्फहान प्रांत की गैस पाइपलाइन और खोर्रमशहर बिजली संयंत्र को निशाना बनाया। न्यूयॉर्क टाइम्स ने बताया कि अमेरिकी और इजरायली अधिकारियों के दावों के बावजूद ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल हमले लगातार तेज हो रहे हैं।

इजरायल के कर्नल मिक्की डेविड ने कहा कि अब तक उन्होंने इतना तीव्र हमला नहीं देखा था। इस हमले में चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। अब तक इजरायल में 16 लोग मारे जा चुके हैं और 4500 से ज्यादा घायल हैं। खाड़ी देशों में भी ईरानी मिसाइल और ड्रोन हमले तेज हुए हैं।

यूएई और सऊदी अरब ने कई ड्रोन इंटरसेप्ट किए, जबकि कुवैत में बिजली आपूर्ति कई घंटे ठप रही। बहरीन में एक सैनिक की मौत हुई और अमेजन के डेटा सेंटर को भारी नुकसान हुआ, जिससे क्लाउड कंप्यूटिंग सेवाएं ठप हो गईं।

इराक में अमेरिकी-इजरायली हमले

इराक के अन्नबार प्रांत में ईरान समर्थित शिया मिलिशिया ‘पापुलर मोबिलाइजेशन फोर्सेज’ (PMF) के मुख्यालय और प्रमुख के आवास पर अमेरिकी-इजरायली हवाई हमले में 15 लड़ाके मारे गए और 30 घायल हुए। पीएमएफ के ऑपरेशंस कमांडर भी हमले में मारे गए।

बगदाद में अमेरिकी दूतावास पर हालिया हमलों के बाद इराकी प्रधानमंत्री शिया उल सूडानी ने आपात बैठक बुलाई।

डिप्लोमैटिक प्रयास और बातचीत

पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर ने सोमवार को ट्रंप से फोन पर बातचीत की। पाकिस्तान ने ईरान और अमेरिका के बीच वार्ता के लिए इस्लामाबाद को संभावित स्थल के रूप में प्रस्तावित किया। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा कि उनका देश सार्थक और निर्णायक वार्ता के लिए तैयार है।

हालांकि, ईरान ने बातचीत से साफ इन्कार किया है। ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गलीबाफ ने कहा कि कोई बातचीत नहीं हो रही है और यह सब फर्जी खबरें हैं। रिवोल्यूशनरी गार्ड के प्रवक्ता जनरल अली अबुदल्लाही आलियाबादी ने कहा कि संपूर्ण विजय तक संघर्ष जारी रहेगा।

फिलीपींस में ऊर्जा संकट

ईरानी हमलों के असर से फिलीपींस में तेल और गैस आपूर्ति ठप हो गई। राष्ट्रपति फर्डिनेंड मार्कोस जूनियर ने आपातकाल घोषित किया और कहा कि सालभर यह स्थिति जारी रह सकती है। इस दौरान तेल और गैस की आपूर्ति केवल जरूरी सुविधाओं के लिए सुनिश्चित होगी।