लखनऊ: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को लखनऊ में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद से भेंट की। मुलाकात के बाद अखिलेश ने कहा कि वे आशीर्वाद लेने आए थे क्योंकि असली संतों की मौजूदगी से नकली संतों की स्थिति कमजोर होगी।

इस अवसर पर उन्होंने भाजपा पर तीखा हमला करते हुए कहा कि भाजपा हमेशा सकारात्मक कदमों का विरोध करती है। उन्होंने याद दिलाया कि सपा की सरकार में गरीबों के लाभ और गायों की देखभाल के लिए पहला काऊ मिल्क प्लांट स्थापित किया गया था, लेकिन भाजपा की सरकार ने इसे बंद करवा दिया। अखिलेश ने कहा, “हम पहले भी गायों की भलाई के लिए काम कर रहे थे और आगे भी ऐसा करते रहेंगे।”

डिप्टी सीएम पर टिप्पणी
अखिलेश यादव ने प्रदेश के डिप्टी सीएम से जुड़ा सवाल उठाते हुए बताया कि भाजपा की बैठक में दोनों डिप्टी सीएम को डांटकर बाहर कर दिया गया। बैठक में टिकट वितरण पर चर्चा होनी थी, लेकिन ये लोग शायद जीतने की स्थिति में नहीं हैं।

एलपीजी संकट पर मोदी सरकार को जिम्मेदार ठहराया
अखिलेश ने एलपीजी संकट को लेकर कहा कि केंद्र सरकार के फैसलों के कारण आम जनता परेशान है। लोग अब घरों में चूल्हे और भट्टी जलाने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के अपने जिले में भी लोग गैस सिलेंडर के लिए संघर्ष कर रहे हैं और इस स्थिति में उनकी सरकार का प्रभाव भी नहीं दिखाई देता।