बरेली। मुहर्रम के अवसर पर किसी भी तरह की अप्रिय घटना रोकने के लिए बरेली पुलिस ने इस बार व्यापक और तकनीकी सुरक्षा व्यवस्था लागू की। जिलेभर में सुरक्षा बलों की तैनाती के साथ-साथ पुलिस ने निगरानी के लिए एक नया हाईटेक प्रयोग भी किया।
जुलूस में कैमरों के साथ पुलिसकर्मी तैनात
पुलिस ने सभी थानों को वाई-फाई सुविधा से लैस पांच-पांच सीसीटीवी कैमरे उपलब्ध कराए। इन कैमरों को लगभग 10 से 12 फीट लंबी लाठियों पर लगाकर पुलिसकर्मियों को जुलूस के साथ तैनात किया गया, ताकि भीड़ के बीच किसी भी संदिग्ध गतिविधि को तुरंत रिकॉर्ड किया जा सके।
इसके अलावा, जुलूस के पीछे चलने वाली पुलिस गाड़ियों पर भी कैमरे लगाए गए, जिससे पूरे रूट की पीछे से भी लगातार निगरानी की जा सके।
सोलर पावर और रिकॉर्डिंग सुविधा से लैस कैमरे
जानकारी के अनुसार, ये सभी कैमरे सोलर प्लेट और मेमोरी कार्ड से लैस हैं, जिससे लंबे समय तक रिकॉर्डिंग संभव है। पुलिस अधिकारियों ने निर्देश दिया था कि कुछ कैमरे वाहनों पर और कुछ ऊंची लाठियों पर लगाकर भीड़ के बीच निगरानी सुनिश्चित की जाए।
पुलिस के अनुसार, इस प्रयोग के जरिए जुलूस के दौरान हर गतिविधि पर नजर रखी गई और किसी भी बड़ी गड़बड़ी को समय रहते रोका गया।
व्यापक सुरक्षा व्यवस्था लागू
मुहर्रम के दौरान जिले में कुल 530 दरोगा, 760 हेड कांस्टेबल, 1500 कांस्टेबल और 200 होमगार्ड की ड्यूटी लगाई गई थी। इसके साथ ही एडिशनल एसपी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहे।
सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए तीन पीएसी कंपनियां और 18 क्विक रिस्पांस टीम (QRT) भी तैनात की गईं। इसके अलावा छह ड्रोन टीमों ने पूरे शहर में अलग-अलग स्थानों से निगरानी की।
जिले की 94 पीआरवी गाड़ियां भी लगातार गश्त पर रहीं, जिससे पूरे आयोजन के दौरान कानून-व्यवस्था नियंत्रण में बनी रही।