बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री मायावती 7 फरवरी को प्रदेश के पदाधिकारियों के साथ बड़ी संगठनात्मक बैठक करेंगी। इस दौरान विधानसभा चुनाव को लेकर पार्टी की तैयारियों और संगठन की जमीनी स्थिति की विस्तृत समीक्षा की जाएगी। बैठक में जोन स्तर से लेकर विधानसभा स्तर तक के पदाधिकारियों को शामिल होने के निर्देश दिए गए हैं।

बसपा सुप्रीमो इस बैठक में आगामी चुनावी रणनीति को लेकर महत्वपूर्ण मार्गदर्शन भी देंगी। इससे पहले वह संगठन को बूथ और विधानसभा स्तर पर मजबूत करने के निर्देश दे चुकी हैं, जिसके बाद पार्टी ने करीब 1600 टीमें गठित की थीं। ये टीमें गांव-गांव जाकर समर्थकों को सक्रिय करने और नए मतदाता जोड़ने के अभियान में लगी हुई हैं। बैठक में इन टीमों की प्रगति रिपोर्ट पेश की जाएगी। साथ ही एसआईआर से जुड़े कार्यों की जानकारी भी पदाधिकारियों को देनी होगी।

सूत्रों के अनुसार बैठक में यूजीसी के नए नियमों को लेकर पार्टी की स्पष्ट नीति भी बताई जाएगी, ताकि इसे आम जनता तक एक समान रूप से पहुंचाया जा सके। इससे पहले बसपा ने इस मुद्दे पर संतुलित प्रतिक्रिया दी थी, जिसे राजनीतिक हलकों में सराहा गया था। अब पार्टी नेतृत्व चाहता है कि उसका पक्ष और अधिक स्पष्ट रूप में कार्यकर्ताओं तक पहुंचे।

बैठक में सभी विधानसभा प्रभारी, जिला अध्यक्ष, बामसेफ के जिला संयोजक, भाईचारा कमेटी के पदाधिकारी और मंडल संयोजक मौजूद रहेंगे। माना जा रहा है कि इस बैठक के बाद बसपा का चुनावी अभियान और तेज होगा।