मुजफ्फरनगर: मोहर्रम के मद्देनजर शिव चौक स्थित शिव मंदिर के एक हिस्से को लाल पर्दे से ढकने के मुद्दे पर बुधवार शाम विवाद खड़ा हो गया। मामले की जानकारी मिलने पर विभिन्न हिंदू संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और प्रशासन के इस कदम पर आपत्ति जताई।
संगठनों ने हटाया पर्दा
शाम करीब 5 बजे शिवसेना और संयुक्त हिंदू मोर्चा के प्रतिनिधि शिव चौक पहुंचे। वहां मौजूद नेताओं ने मंदिर पर लगाया गया पर्दा हटाकर पास की पुलिस चौकी में रख दिया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों और संगठन के पदाधिकारियों के बीच काफी देर तक बातचीत और बहस भी हुई।
धार्मिक आस्था से जुड़ा मुद्दा बताया
हिंदू संगठनों के नेताओं का कहना था कि उन्हें मोहर्रम के जुलूस या उसकी सुरक्षा व्यवस्था से कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन मंदिर को पर्दे से ढकना उचित नहीं है। उनका आरोप है कि यह कदम धार्मिक भावनाओं को प्रभावित करता है और ऐसी व्यवस्था को परंपरा के रूप में स्थापित करने का प्रयास नहीं होना चाहिए।
भविष्य में आंदोलन की चेतावनी
संगठनों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भविष्य में भी इसी प्रकार की व्यवस्था की गई तो इसका विरोध किया जाएगा। उनका कहना है कि धार्मिक स्थलों को ढकने जैसे कदमों से बचना चाहिए और सभी समुदायों की भावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
प्रशासन से पुनर्विचार की मांग
संयुक्त हिंदू मोर्चा के पदाधिकारियों ने कहा कि प्रशासन को सुरक्षा संबंधी आवश्यक इंतजाम करने चाहिए, लेकिन धार्मिक स्थलों को पर्दे से ढकने जैसी व्यवस्था से बचना चाहिए। उनका मानना है कि ऐसे मुद्दे अनावश्यक विवाद और तनाव की स्थिति पैदा कर सकते हैं।
फिलहाल मामले को लेकर प्रशासन की ओर से कोई विस्तृत बयान सामने नहीं आया है। स्थिति सामान्य बनी हुई है और पुलिस क्षेत्र में नजर बनाए हुए है।