मुजफ्फरनगर: लखनऊ में हुए दर्दनाक अग्निकांड में जान गंवाने वाले 15 बच्चों की स्मृति में गुरुवार शाम मुजफ्फरनगर के झांसी रानी पार्क में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। ऑल इंडिया एंटी करप्शन सर्विस ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने हिस्सा लिया।

सभा के दौरान उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत बच्चों को श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। वक्ताओं ने कहा कि यह हादसा केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि सुरक्षा मानकों की अनदेखी का गंभीर परिणाम है। उन्होंने कहा कि जिन बच्चों ने अपनी जान गंवाई, वे अपने परिवारों की उम्मीद और भविष्य थे, लेकिन लापरवाही ने कई घरों की खुशियां छीन लीं।


कार्यक्रम में वक्ताओं ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग उठाई। साथ ही मृतक बच्चों के परिजनों को आर्थिक सहायता के रूप में 25-25 लाख रुपये का मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग भी की गई।

इस अवसर पर समाजवादी पार्टी के सांसद हरेंद्र मलिक ने भी शोक व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार लोगों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भविष्य में इस तरह के हादसों को रोकने के लिए सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है।


सांसद ने मुजफ्फरनगर में प्रशासन द्वारा होटल, कोचिंग सेंटर और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में सुरक्षा मानकों की जांच की जा रही कार्रवाई का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह अभियान नियमित रूप से जारी रहना चाहिए, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते रोका जा सके।

ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने भी मांग की कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ सख्त कानून लागू किए जाएं, जिससे भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

श्रद्धांजलि सभा में विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।