मुजफ्फरनगर में राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने शुक्रवार को महिलाओं से जुड़े मामलों की सुनवाई करते हुए जनसुनवाई कार्यक्रम में हिस्सा लिया। विकास भवन सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में पहले से दर्ज मामलों के साथ-साथ मौके पर आई महिलाओं की शिकायतों को भी सुना गया। कुल 48 प्रकरणों पर विचार करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

सुनवाई के दौरान यह बात सामने आई कि कई महिलाएं सरकारी योजनाओं की जानकारी न होने के कारण उनका लाभ नहीं उठा पा रही हैं। इस पर अध्यक्ष ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र महिलाओं और बालिकाओं तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाने और उन्हें जोड़ने की प्रक्रिया को तेज किया जाए।

इसके बाद आयोजित समीक्षा बैठक में महिला सुरक्षा और विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति पर चर्चा हुई। अधिकारियों से यह भी पूछा गया कि योजनाओं का लाभ लाभार्थियों तक किस हद तक पहुंच रहा है और उससे उनके जीवन में क्या बदलाव आया है।

बैठक में कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी विशेष ध्यान दिया गया। यौन उत्पीड़न निवारण अधिनियम (POSH Act) के तहत जिले में किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा करते हुए कुछ कार्यों की सराहना की गई, वहीं व्यवस्था को और बेहतर बनाने के निर्देश भी दिए गए।


अध्यक्ष ने ‘तेरे मेरे सपने’ नाम से प्री-मैरिटल काउंसलिंग सेंटर स्थापित करने की जरूरत पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि इससे विवाह से पहले ही आपसी समझ और जागरूकता बढ़ेगी, जिससे भविष्य में विवाद कम हो सकते हैं। कार्यक्रम में जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारी भी मौजूद रहे और अध्यक्ष का स्वागत किया गया।