शामली। कांधला थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में 50 हजार रुपये का इनामी अपराधी मेहताब ढेर हो गया। इस दौरान पुलिस टीम पर की गई फायरिंग में कांधला थाने में तैनात दरोगा दीपचंद भी गोली लगने से घायल हो गए। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।

पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि सुबह सूचना मिली थी कि खंद्रावली पुलिस चौकी के निकट दो संदिग्ध बदमाश किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और बाइक पर सवार दोनों युवकों को रुकने का इशारा किया। हालांकि, पुलिस को देखते ही बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी।


पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए मोर्चा संभाला। मुठभेड़ के दौरान गोली लगने से 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश मेहताब घायल हो गया, जबकि दरोगा दीपचंद भी बदमाशों की गोली से जख्मी हो गए। दोनों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मेहताब को मृत घोषित कर दिया। वहीं उसका दूसरा साथी मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया। उसकी तलाश में पुलिस की कई टीमें इलाके में लगातार कांबिंग अभियान चला रही हैं।

घटना की जानकारी मिलते ही एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह भी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों से पूरी जानकारी ली। पुलिस ने मुठभेड़ स्थल से बिना नंबर की एक बाइक, 9 एमएम की पिस्टल और कई जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।

पुलिस के अनुसार मेहताब का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। उस पर हत्या, लूट, डकैती सहित गंभीर अपराधों के करीब 25 मुकदमे दर्ज थे। वह शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत और मेरठ के अलावा हरियाणा, उत्तराखंड और दिल्ली में भी सक्रिय था तथा अपने गिरोह के साथ कई वारदातों को अंजाम दे चुका था। पुलिस का कहना है कि गिरोह का संचालन भी वही करता था।

एसपी ने बताया कि मेहताब ने इसी वर्ष 1 मार्च को पानीपत में तैनात एक महिला कांस्टेबल से सोने के कुंडल लूटने की घटना को अंजाम दिया था। इसके अलावा आदर्श मंडी क्षेत्र में किसानों से लूट की वारदात में भी उसका नाम सामने आया था। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।