यूपी: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि उनकी पार्टी पूर्ण निष्ठा के साथ यह संकल्प लेती है कि भविष्य में सरकार बनने पर अयोध्या को एक भव्य और आदर्श धार्मिक नगरी के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु गहरी आध्यात्मिक अनुभूति प्राप्त कर सकें।
उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम के आशीर्वाद से अयोध्या के सांस्कृतिक और सनातन महत्व को और अधिक सशक्त किया जाएगा तथा इसे आस्था, श्रद्धा और परंपरा के केंद्र के रूप में स्थापित किया जाएगा। साथ ही, स्थानीय नागरिकों के पारंपरिक अधिकारों और गौरव को भी पुनर्स्थापित करने का कार्य किया जाएगा।
भ्रष्टाचार और प्रशासन पर आरोप
अखिलेश यादव ने प्रदेश सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में भ्रष्टाचार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि अस्पतालों में मरीजों को दवाएं नहीं मिल पा रही हैं और थानों व तहसीलों में आम लोगों को न्याय के लिए भटकना पड़ रहा है।
उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि जनता को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने में व्यवस्था विफल रही है और इसका जवाब जनता समय आने पर देगी।
चुनाव और लोकतंत्र पर टिप्पणी
उन्होंने कहा कि सरकार भले ही “वन नेशन, वन इलेक्शन” की बात करती हो, लेकिन समय पर पंचायत चुनाव तक नहीं करा पा रही है। ऐसे में लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
हालिया एनकाउंटर मामलों पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि यदि पीड़ित परिवार संतुष्ट नहीं है तो यह सरकार पर जनता के भरोसे की कमी को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार भय का माहौल बनाकर राजनीति कर रही है।
अन्य नेताओं के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि वे अपने राजनीतिक अनुभव के अनुसार उचित समय पर उचित मुद्दों पर बोलते हैं। साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया कि उत्तर प्रदेश में भाजपा को सत्ता से हटाना लोकतंत्र के हित में होगा।