देश में गिग वर्कर्स यूनियनों द्वारा न्यू ईयर ईव पर प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी हड़ताल के बीच, फूड डिलीवरी कंपनियों Zomato और Swiggy ने अपने डिलीवरी पार्टनर्स के लिए भुगतान और इंसेंटिव में इजाफा किया है। कंपनियों का कहना है कि व्यस्त त्योहारों के दौरान यह कदम नियमित प्रक्रिया का हिस्सा होता है, जिससे सेवाएं सुचारु बनी रहें।

हड़ताल में बड़ी भागीदारी का दावा

गिग वर्कर्स से जुड़ी यूनियनों TGPWU और IFAT का दावा है कि देशभर से 1.7 लाख से अधिक डिलीवरी पार्टनर्स ने हड़ताल में शामिल होने की सहमति दी है। यूनियनों के मुताबिक, घटती आमदनी, सुरक्षा से जुड़े जोखिम और कठोर कार्य परिस्थितियों के विरोध में यह आंदोलन किया जा रहा है।

Zomato ने क्या ऑफर दिए

Zomato ने पीक आवर्स (शाम 6 बजे से रात 12 बजे तक) में प्रति ऑर्डर ₹120 से ₹150 तक की कमाई का दावा किया है। इसके अलावा, ऑर्डर वॉल्यूम के आधार पर पूरे दिन में ₹3,000 तक कमाने का अवसर बताया गया है। कंपनी ने अस्थायी रूप से ऑर्डर कैंसिलेशन और डिनायल से जुड़ी पेनल्टी भी हटा दी है। Zomato के पैरेंट ग्रुप Eternal के प्रवक्ता ने इसे त्योहारों के दौरान अपनाई जाने वाली सामान्य नीति बताया।

Swiggy ने भी बढ़ाया इंसेंटिव

Swiggy ने 31 दिसंबर और 1 जनवरी के दौरान कुल ₹10,000 तक कमाने की संभावना जताई है। वहीं, न्यू ईयर ईव की छह घंटे की पीक विंडो (शाम 6 से रात 12 बजे) में ₹2,000 तक की अतिरिक्त कमाई का मौका दिया जा रहा है। कंपनी का कहना है कि यह उच्च मांग वाले समय के लिए तय मानक प्रक्रिया का हिस्सा है।

क्यों तेज हो रहा है आंदोलन

यूनियनों का कहना है कि 25 दिसंबर को हुई फ्लैश स्ट्राइक में बड़ी संख्या में डिलीवरी पार्टनर्स ने ऐप से लॉग-आउट किया था। उस विरोध के जरिए कम होती आमदनी, असुरक्षित डिलीवरी दबाव और काम की गरिमा से जुड़े मुद्दों पर ध्यान दिलाया गया, लेकिन कंपनियों की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई।

राष्ट्रव्यापी हड़ताल का ऐलान

TGPWU, IFAT और Gig & Platform Service Workers Union ने संयुक्त बयान जारी कर 31 दिसंबर 2025 को सभी गिग, ऐप-आधारित और फ्रीलांस वर्कर्स से काम बंद करने की अपील की है। यूनियनों का कहना है कि यह आंदोलन अधिकार, सुरक्षा और सम्मान की मांग को लेकर किया जा रहा है।

कंपनियों पर पड़ सकता है असर

जानकारों के मुताबिक, यदि हड़ताल व्यापक रही तो Zomato, Swiggy, Blinkit, Zepto और Instamart जैसे प्लेटफॉर्म्स की सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं। न्यू ईयर ईव की रात फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स सेक्टर में साल का सबसे अधिक ऑर्डर वॉल्यूम रहता है, जिससे कंपनियों पर दबाव बढ़ सकता है।