गर्मियों के मौसम में खानपान को लेकर कई तरह की धारणाएं सामने आती रहती हैं। इन्हीं में से एक आम धारणा यह है कि गर्मी में अंडे खाने से शरीर में अतिरिक्त गर्मी बढ़ जाती है, इसलिए इनका सेवन नहीं करना चाहिए। हालांकि पोषण विशेषज्ञों के अनुसार अंडा प्रोटीन, विटामिन और जरूरी मिनरल्स का अच्छा स्रोत है और यह संतुलित आहार का अहम हिस्सा माना जाता है।
गर्मी के मौसम में लोग अक्सर उन खाद्य पदार्थों से दूरी बनाते हैं जिन्हें लेकर यह माना जाता है कि वे शरीर पर अधिक प्रभाव डाल सकते हैं। इसी वजह से अंडों को लेकर भी कई तरह की गलतफहमियां प्रचलित हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी खाद्य पदार्थ का असर उसकी मात्रा, व्यक्ति की शारीरिक स्थिति और सेवन के तरीके पर निर्भर करता है।
क्या गर्मियों में अंडा खाने से शरीर गर्म हो जाता है?
आम धारणा के विपरीत, विशेषज्ञों के अनुसार अंडा खाने से शरीर का तापमान खतरनाक स्तर तक नहीं बढ़ता। अंडा उच्च गुणवत्ता वाले प्रोटीन और कई आवश्यक पोषक तत्व प्रदान करता है, जो शरीर के लिए लाभकारी होते हैं।
हालांकि प्रोटीन के पाचन में शरीर थोड़ी अधिक ऊर्जा खर्च करता है, लेकिन इससे हीट स्ट्रोक या अत्यधिक गर्मी जैसी स्थिति उत्पन्न नहीं होती। संतुलित मात्रा में अंडे का सेवन गर्मियों में भी सुरक्षित माना जाता है, बशर्ते व्यक्ति स्वस्थ हो।
गर्मियों में अंडे का सेवन करते समय क्या रखें ध्यान?
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में अंडों का सेवन करते समय स्वच्छता और ताजगी का विशेष ध्यान रखना चाहिए। हमेशा ताजे और सुरक्षित अंडों का ही उपयोग करें। टूटे या बदबू वाले अंडों का सेवन करने से बचना चाहिए।
इसके अलावा अंडों को अच्छी तरह पकाकर खाना अधिक सुरक्षित माना जाता है, क्योंकि कच्चे या अधपके अंडों में बैक्टीरिया संक्रमण का खतरा हो सकता है।
सही स्टोरेज और सावधानियां जरूरी
अंडों को हमेशा ठंडी जगह या रेफ्रिजरेटर में रखना चाहिए। लंबे समय तक सामान्य तापमान पर रखने से उनमें बैक्टीरिया विकसित होने का खतरा बढ़ सकता है।
स्वास्थ्य एजेंसियों के अनुसार, अंडों को पूरी तरह पकाकर खाना और टूटे हुए अंडों का उपयोग न करना फूड पॉइजनिंग और संक्रमण से बचाव में मदद करता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि गर्मियों में अंडे का सेवन पूरी तरह सुरक्षित है, बशर्ते उन्हें सही तरीके से स्टोर और पकाकर खाया जाए तथा संतुलित मात्रा में लिया जाए।