बॉलीवुड निर्देशक और लेखक अनुराग कश्यप एक मानहानि मामले में कानूनी मुश्किलों में घिरते नजर आ रहे हैं। सूरत की एक अदालत ने ब्राह्मण समुदाय पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी से जुड़े मामले में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज करने का आदेश दिया है और समन जारी कर उन्हें कोर्ट में पेश होने के लिए कहा है।

यह पूरा मामला मार्च 2025 में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर की गई एक पोस्ट से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि उस पोस्ट में समुदाय विशेष के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया, जिससे विवाद खड़ा हो गया और कई जगह विरोध प्रदर्शन भी हुए।

शिकायत पर कोर्ट का फैसला

सूरत के अधिवक्ता कमलेश रावल ने इस मामले में अदालत में याचिका दायर कर आपराधिक कार्रवाई की मांग की थी। अदालत ने प्रस्तुत तथ्यों और दस्तावेजों पर विचार करने के बाद मामला दर्ज करने का निर्देश दिया है।

शिकायतकर्ता के अनुसार, विवाद उस समय और बढ़ गया जब एक सोशल मीडिया यूजर ने कथित टिप्पणी पर आपत्ति जताई, जिसके जवाब में और तीखी प्रतिक्रिया दी गई। इसके बाद मामला तूल पकड़ गया और अलग-अलग स्थानों पर शिकायतें दर्ज की गईं।

माफी और आगे की प्रक्रिया

बताया जा रहा है कि विवाद बढ़ने के बाद अनुराग कश्यप ने अपनी टिप्पणी पर माफी भी मांगी थी, लेकिन कानूनी प्रक्रिया पहले ही आगे बढ़ चुकी थी। वकील का कहना है कि अदालत ने सभी पहलुओं की जांच के बाद यह आदेश दिया है।

अब कोर्ट ने अनुराग कश्यप को व्यक्तिगत रूप से पेश होकर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है। मामले की आगे की सुनवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।

कानूनी कार्रवाई जारी

शिकायतकर्ता पक्ष का कहना है कि वे इस मामले में आगे भी सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग करेंगे। वहीं अब यह देखना अहम होगा कि निर्देशक कोर्ट में पेश होकर अपना पक्ष किस तरह रखते हैं और मामला किस दिशा में आगे बढ़ता है।