पश्चिम बंगाल की सियासत में बड़े बदलाव के बाद अब तृणमूल कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व पर प्रशासनिक दबाव बढ़ता नजर आ रहा है। कोलकाता नगर निगम (KMC) ने टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी से जुड़ी कई संपत्तियों को लेकर नोटिस जारी किया है। इन नोटिसों में निर्माण से जुड़े स्वीकृत नक्शों और अन्य जरूरी दस्तावेजों की विस्तृत जानकारी मांगी गई है।
जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई राज्य में हालिया सत्ता परिवर्तन के बाद सामने आई है, जिसके बाद प्रशासनिक स्तर पर कई पुराने मामलों की समीक्षा की जा रही है।
नगर निगम के उच्च पदस्थ सूत्रों के मुताबिक, यह नोटिस अभिषेक बनर्जी, उनके परिजनों और लीप्स एंड बाउंड्स नामक कंपनी से जुड़ी लगभग 17 से 21 संपत्तियों को लेकर जारी किया गया है। जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि इन संपत्तियों पर हुए निर्माण कार्य नगर निगम से स्वीकृत प्लान के अनुरूप हैं या नहीं।
शहरी विकास मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने इस मामले पर सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि कानून सभी के लिए समान है और कोई भी व्यक्ति इससे ऊपर नहीं हो सकता। उन्होंने दावा किया कि संबंधित संपत्तियों से जुड़ी अनियमितताओं की पहचान पहले ही की जा चुकी है।
निगम सूत्रों के अनुसार जिन प्रमुख संपत्तियों पर नोटिस भेजे गए हैं, उनमें अभिषेक बनर्जी का 188ए हरीश मुखर्जी रोड स्थित आवास, कालीघाट रोड का एक परिसर, प्रेमेंद्र मित्रा सरणी, पंडिताया रोड और उस्ताद आमिर खान सरणी जैसे इलाके शामिल हैं।
नगर निगम अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई कोलकाता नगर निगम अधिनियम, 1980 की धारा 400(1) के तहत की गई है। इस प्रावधान के तहत प्रशासन को अनधिकृत निर्माण की जांच करने और संबंधित पक्ष से स्पष्टीकरण मांगने का अधिकार है।
नोटिस में लिफ्ट, एस्केलेटर और अन्य संरचनात्मक बदलावों से जुड़े स्वीकृत दस्तावेजों की भी जानकारी मांगी गई है। प्रशासन ने सभी संबंधित पक्षों को अपना पक्ष रखने का अवसर देने की बात कही है।