वृंदावन। भक्ति और आध्यात्मिक आस्था के प्रमुख केंद्र वृंदावन धाम की छवि को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। हाल ही में रिलीज हुई एक बंगाली वेब सीरीज को लेकर स्थानीय लोगों और ब्रजवासियों में गहरी नाराजगी देखने को मिल रही है। आरोप है कि इस सीरीज में आपत्तिजनक सामग्री के साथ धार्मिक स्थलों के चित्रण से भावनाएं आहत हुई हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब 1 घंटे 30 मिनट लंबी इस वेब सीरीज का बड़ा हिस्सा वृंदावन के प्राचीन मंदिरों और यमुना तट के आसपास कथित रूप से बिना अनुमति के फिल्माया गया है। इसके बाद इसके कुछ दृश्य एडल्ट प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध होने और सोशल मीडिया पर वायरल क्लिप्स में आपत्तिजनक कंटेंट दिखने का भी दावा किया जा रहा है।
सीरीज की कहानी तीन युवाओं के व्यक्तिगत जीवन, मानसिक तनाव और भटकाव पर आधारित बताई जा रही है, लेकिन आरोप है कि इसके निर्माण में धार्मिक स्थलों का अनुचित उपयोग किया गया है। इसको लेकर ब्रज क्षेत्र के लोगों में आक्रोश बढ़ गया है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि वृंदावन दुनिया भर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आस्था और शांति का केंद्र है, लेकिन इस तरह की प्रस्तुतियां क्षेत्र की धार्मिक और सांस्कृतिक गरिमा को नुकसान पहुंचा रही हैं। संत समाज और ब्रजवासियों ने इस मामले में कड़ी आपत्ति जताते हुए प्रशासन से जांच और कार्रवाई की मांग की है।
महंत मोहिनी शरण महाराज ने कहा कि ऐसे मामलों में सेंसर बोर्ड और संबंधित संस्थाओं को सख्त कदम उठाने चाहिए। वहीं, बिहारीलाल वशिष्ठ ने मांग की है कि इस तरह की सामग्री बनाने और इसके निर्माण में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।