पटना। बिहार की राजधानी पटना में दो बड़े कोचिंग संस्थानों—ज्ञान बिंदु जी.एस. एकेडमी और खान ग्लोबल स्टडीज—के बीच चल रहा विवाद अब राजनीतिक रंग ले चुका है। यह मामला धीरे-धीरे प्रशासनिक गतिरोध में बदल गया है, जिसमें अब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी खुलकर सामने आ गए हैं।
तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को पत्र लिखकर इस पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच कराने की मांग की है। उन्होंने अपने पत्र को सोशल मीडिया पर साझा करते हुए राज्य की कानून-व्यवस्था और पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। तेजस्वी का कहना है कि स्थानीय पुलिस की जांच प्रक्रिया पर भरोसा नहीं किया जा सकता, इसलिए मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच के लिए केंद्रीय एजेंसी की आवश्यकता है।
सोशल मीडिया पर सरकार पर निशाना
नेता प्रतिपक्ष ने सोशल मीडिया पर आरोप लगाया कि दोनों कोचिंग संस्थानों के बीच विवाद, मारपीट, तोड़फोड़ और कथित फायरिंग जैसी घटनाओं को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे संवेदनशील मामलों में निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
तेजस्वी ने अपने बयान में यह भी कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं, इसलिए जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी को सौंपना ही उचित होगा।
कोचिंग विवाद से शुरू हुआ मामला, अब राजनीतिक तकरार में बदला
यह पूरा विवाद पटना के कोचिंग हब में दो संस्थानों के बीच व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा और पुरानी रंजिश से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसने हिंसक रूप ले लिया था। आरोप है कि इस दौरान मारपीट, तोड़फोड़ और फायरिंग जैसी घटनाएं भी हुईं।
इसी मामले से जुड़े ज्ञान बिंदु जी.एस. एकेडमी के संचालक रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी, जिसके बाद मामला और अधिक संवेदनशील हो गया। पीड़ित पक्ष की ओर से कुछ गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं, जिनमें खान ग्लोबल स्टडीज से जुड़े लोगों की भूमिका पर सवाल उठाए गए हैं।