दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI Airport) पर बढ़ते यात्री दबाव को देखते हुए एयरपोर्ट प्रशासन ने एक अहम कदम उठाया है। टर्मिनल-3 के पियर सी को मई के पहले सप्ताह से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के संचालन के लिए शुरू किया जाएगा।

इस विस्तार के बाद एयरपोर्ट की अंतरराष्ट्रीय यात्री क्षमता में करीब 50 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। इससे हर साल लगभग एक करोड़ अतिरिक्त यात्रियों को सुविधा मिल सकेगी।

क्षमता में बड़ा इजाफा

इस नए बदलाव के बाद टर्मिनल-3 की कुल अंतरराष्ट्रीय क्षमता बढ़कर लगभग 3 से 3.2 करोड़ यात्री प्रतिवर्ष हो जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम बढ़ती हवाई यात्रा की मांग को पूरा करने और यात्रियों को बेहतर अनुभव देने में मदद करेगा।

इसके साथ ही एयरपोर्ट पर भीड़भाड़ कम होने की संभावना भी जताई जा रही है।

बिना नए निर्माण के विस्तार

सबसे खास बात यह है कि पियर सी को अंतरराष्ट्रीय संचालन के लिए तैयार करने में कोई नया निर्माण कार्य नहीं किया गया है। पहले इसका इस्तेमाल घरेलू उड़ानों के लिए किया जाता था, लेकिन अब मौजूदा ढांचे को ही अपग्रेड कर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के अनुरूप बनाया गया है।

अधिकारियों के मुताबिक यह एक किफायती और तेज़ समाधान है, जिससे समय और संसाधनों दोनों की बचत हुई है और यात्रियों को जल्द ही नई सुविधा का लाभ मिलेगा।