राजोरी (जम्मू-कश्मीर)। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शनिवार को राजोरी जिले में डॉ. राज कुमार थप्पा स्मृति संग्रहालय एवं पुस्तकालय का उद्घाटन किया। यह संग्रहालय दिवंगत अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त डॉ. राज कुमार थप्पा के जीवन, कार्य और जनसेवा में दिए गए योगदान को समर्पित है।

डॉ. थप्पा के बलिदान को किया गया याद

डॉ. राज कुमार थप्पा की मृत्यु पिछले वर्ष 10 मई को पाकिस्तान की ओर से हुई बिना उकसावे की गोलाबारी में हुई थी। उस दौरान उनका आवासीय क्वार्टर तोप के गोले की चपेट में आ गया था। वे अपने पीछे पत्नी और दो बच्चों को छोड़ गए। 2001 बैच के जम्मू-कश्मीर प्रशासनिक सेवा अधिकारी डॉ. थप्पा अपनी ईमानदार कार्यशैली और जनसेवा के प्रति समर्पण के लिए जाने जाते थे।

स्मारक को बताया प्रेरणास्रोत

उद्घाटन समारोह के दौरान उपराज्यपाल ने डॉ. थप्पा के सामाजिक योगदान और निस्वार्थ सेवा को याद करते हुए कहा कि यह संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा। उन्होंने कहा कि ऐसे अधिकारी समाज और प्रशासन दोनों के लिए आदर्श होते हैं।

डॉक्यूमेंट्री का हुआ प्रदर्शन

इस अवसर पर डॉ. थप्पा के जीवन और प्रशासनिक कार्यों पर आधारित एक डॉक्यूमेंट्री भी प्रदर्शित की गई। कार्यक्रम में उनके परिजन, वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

प्रशासनिक योगदान

डॉ. थप्पा को पिछले वर्ष मार्च में राजोरी में अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त के रूप में तैनात किया गया था। इस दौरान उन्होंने बड्डाल गांव में हुई रहस्यमयी मौतों के मामलों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

इससे पहले वे जम्मू-कश्मीर स्किल डेवलपमेंट मिशन के मिशन निदेशक और श्रम एवं रोजगार विभाग में विशेष सचिव सहित कई अहम पदों पर कार्य कर चुके थे।