लखनऊ। राजधानी लखनऊ में सोमवार को रोडवेज के चार संविदा कर्मचारियों ने आत्मदाह का प्रयास किया। बताया गया कि चारों पेट्रोल से भरी बोतलें लेकर मौके पर पहुंचे और खुद पर पेट्रोल उड़ेलने लगे, लेकिन पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें रोक लिया और हिरासत में ले लिया।

कर्मचारियों का आरोप है कि उनकी समस्याओं पर सुनवाई नहीं हो रही है और लंबे समय से जारी मांगों को अनदेखा किया जा रहा है।

कौन हैं कर्मचारी और क्या है मामला?

गौतमपल्ली थाना प्रभारी विपिन सिंह के अनुसार आत्मदाह का प्रयास करने वालों में औरैया के मुकेश सैनी, उन्नाव के ज्ञानेंद्र रावत, कानपुर के नितिन श्रीवास्तव और गोंडा के अभिषेक सिंह शामिल हैं। चारों सिटी बस सेवा में चालक के रूप में कार्यरत हैं।

कर्मचारियों का कहना है कि संविदा चालकों और परिचालकों का एक निजी कंपनी में विलय किया जा रहा है, जिसका वे विरोध कर रहे हैं।

डिपो पर चल रहा था विरोध प्रदर्शन

जानकारी के मुताबिक दुबग्गा डिपो पर संविदा कर्मचारी पिछले कई दिनों से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका आरोप है कि उन्हें बिना उचित बातचीत के निजी कंपनी एसएस इंटरप्राइजेज में समायोजित किया जा रहा है।

पुलिस ने स्थिति संभाली

घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने तत्काल चारों कर्मचारियों को रोककर हिरासत में ले लिया। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और स्थिति को नियंत्रित कर लिया गया है।