प्रयागराज के बारा स्थित पीपीजीसीएल पावर प्लांट में बुधवार को मजदूरों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कामकाज ठप कर दिया। अचानक हुए इस विरोध प्रदर्शन से पूरे प्लांट परिसर में कुछ समय के लिए कामकाज प्रभावित हो गया।
मजदूरों का कहना था कि उन्हें सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम वेतन नियमों के अनुसार भुगतान नहीं मिल रहा है। इसी को लेकर बड़ी संख्या में श्रमिक सुबह करीब 10 बजे एकजुट होकर धरने पर बैठ गए।
मजदूरों की प्रमुख मांगें
प्रदर्शन कर रहे मजदूरों ने मांग रखी कि:
- न्यूनतम मजदूरी का भुगतान श्रेणीवार लागू किया जाए
- महीने में 26 कार्य दिवस और 4 दिन अवकाश सुनिश्चित किया जाए
- ओवरटाइम का भुगतान दोगुना किया जाए
- वेतन भुगतान की अंतिम तिथि हर माह 10 तारीख तय हो
- प्रत्येक कर्मचारी को वेतन स्लिप दी जाए
- रविवार के अलावा साल में 21 दिन अतिरिक्त अवकाश मिले
- पीएफ और ईएसआईसी कार्ड एक सप्ताह के भीतर जारी किए जाएं
- सभी जरूरी दस्तावेज और नोटिस समय पर उपलब्ध कराए जाएं
चार घंटे चली वार्ता के बाद समाधान
प्रदर्शन के बाद श्रमिकों, प्रशासन और कंपनी प्रबंधन के बीच करीब चार घंटे तक बातचीत चली। इसमें प्रेरणा गौतम, श्रम प्रवर्तन अधिकारियों और कंपनी प्रतिनिधियों ने मजदूरों को आश्वासन दिया कि उनकी मांगों पर गंभीरता से कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि एक सप्ताह के भीतर वेतन, अवकाश व्यवस्था, पीएफ और ईएसआईसी जैसी बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
आश्वासन के बाद मजदूरों ने अपना धरना समाप्त कर दिया और काम पर लौटने का निर्णय लिया।
मौके पर रही भारी सुरक्षा व्यवस्था
घटना के दौरान प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की टीम मौके पर मौजूद रही। कई थानों की पुलिस फोर्स के साथ वरिष्ठ अधिकारी हालात पर नजर बनाए हुए थे ताकि किसी भी तरह की स्थिति बिगड़ने न पाए।