प्रधानमंत्री Narendra Modi ने उत्तर प्रदेश के हरदोई में देश के सबसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में से एक, 594 किलोमीटर लंबे ग्रीनफील्ड गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया। लगभग 36,230 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस एक्सप्रेसवे के चालू होने से मेरठ से प्रयागराज तक की यात्रा अब काफी तेज हो जाएगी—जो पहले 10-12 घंटे लेती थी, वह घटकर करीब 6 घंटे रह जाने की उम्मीद है।

विकास और आस्था का संगम

उद्घाटन के दौरान प्रधानमंत्री ने कहा कि यह एक्सप्रेसवे सिर्फ एक सड़क परियोजना नहीं, बल्कि विकास और सांस्कृतिक विरासत का संगम है। उन्होंने इसे मां गंगा का आशीर्वाद बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश के प्रमुख धार्मिक स्थलों—प्रयागराज और काशी—तक पहुंच आसान होगी। उनका मानना है कि यह परियोजना आने वाले समय में उत्तर प्रदेश की आर्थिक और सामाजिक प्रगति की नई धुरी बनेगी।

इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज का भारत तेजी से आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने हाल ही में उद्घाटन किए गए दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे प्रोजेक्ट देश के उज्ज्वल भविष्य की पहचान हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह दौर खत्म हो चुका है जब परियोजनाएं वर्षों तक फाइलों में अटकी रहती थीं—अब तय समय में काम पूरा किया जा रहा है।

यूपी के विकास पर फोकस

प्रधानमंत्री ने कहा कि जो उत्तर प्रदेश कभी पिछड़ा माना जाता था, वह अब तेजी से आर्थिक ताकत बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने राज्य की युवा आबादी और औद्योगिक क्षमता को इसकी सबसे बड़ी ताकत बताया और कहा कि सरकार यूपी को मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने की दिशा में काम कर रही है। गंगा एक्सप्रेसवे से NCR क्षेत्र की संभावनाओं को भी बढ़ावा मिलेगा।

बंगाल चुनाव और राजनीति पर टिप्पणी

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने पश्चिम बंगाल में जारी विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस बार वहां लोग बिना डर के मतदान कर रहे हैं, जो लोकतंत्र की मजबूती का संकेत है। साथ ही उन्होंने हाल के चुनावी नतीजों का हवाला देते हुए विश्वास जताया कि आगामी चुनावों में भी भाजपा अच्छा प्रदर्शन करेगी।

इसके अलावा उन्होंने विपक्षी दलों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि कुछ पार्टियां विकास की राजनीति से दूर हैं और समाज को बांटने की कोशिश करती हैं। उन्होंने महिलाओं के अधिकारों और भागीदारी को लेकर भी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

भविष्य की दिशा

प्रधानमंत्री ने कहा कि वैश्विक स्तर पर अस्थिरता के बावजूद भारत लगातार विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने आत्मनिर्भर भारत और आधुनिक बुनियादी ढांचे के निर्माण को देश की प्राथमिकता बताते हुए कहा कि गंगा एक्सप्रेसवे इसी सोच का एक बड़ा उदाहरण है।