हरदोई में भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा स्थापना को लेकर बुधवार रात हालात अचानक तनावपूर्ण हो गए। बेनीगंज क्षेत्र के महुआ कोला गांव में दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ा कि पथराव शुरू हो गया, जिसमें एक महिला पुलिसकर्मी समेत दो जवान घायल हो गए। इस दौरान कई वाहनों के शीशे भी टूट गए।

मंदिर निर्माण के बाद बढ़ा विवाद

जानकारी के अनुसार, गांव में कुछ समय पहले ग्रामीणों के सहयोग से निजी जमीन पर एक मंदिर का निर्माण किया गया था। हालांकि, वहां अब तक किसी देवी-देवता की प्रतिमा स्थापित नहीं की गई थी और केवल शिवलिंग के रूप में एक पत्थर रखा हुआ था।

गांव में मौर्य समाज की संख्या अधिक होने के चलते कुछ लोग वहां भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा स्थापित करने की मांग कर रहे थे। आरोप है कि यह प्रक्रिया प्रशासन की अनुमति के बिना आगे बढ़ाई जा रही थी।

लखनऊ से आए लोगों के पहुंचने पर बढ़ा तनाव

बुधवार को लखनऊ से बौद्ध समाज से जुड़े कुछ लोग गांव पहुंचे, जिसके बाद माहौल और अधिक गरम हो गया। इसी दौरान दूसरे पक्ष के लोग भी मौके पर इकट्ठा हो गए और दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई।

सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति को शांत कर प्रतिमा स्थापना का कार्य रोक दिया।

रात में अचानक बिगड़े हालात, पथराव शुरू

बताया जा रहा है कि देर रात पुलिस जब प्रतिमा को अपने कब्जे में ले रही थी, तभी अचानक पथराव शुरू हो गया। हालात बिगड़ते देख कई थानों की पुलिस, फायर ब्रिगेड और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची।

घटना में एक महिला पुलिसकर्मी समेत दो जवान घायल हो गए, जबकि कई वाहनों को नुकसान पहुंचा।

गिरफ्तारी और प्रशासन की कार्रवाई

पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि 10 लोगों को हिरासत में लिया गया है। अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है। मौके पर डीएम अनुनय झा और एसपी अशोक कुमार मीणा भी पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।

प्रशासन ने दी चेतावनी

हरियावां सीओ अजीत सिंह ने बताया कि किसी भी धार्मिक स्थल पर बिना प्रशासनिक अनुमति प्रतिमा स्थापना की अनुमति नहीं है। मौके पर किसी के पास वैध अनुमति पत्र नहीं पाया गया।

फिलहाल गांव में भारी पुलिस बल तैनात है और स्थिति नियंत्रण में है, हालांकि इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है।