यूपी उपचुनाव में मिली जीत से बीजेपी गदगद है. राज्य की 9 सीटों पर चुनाव हुए थे. इसमें से बीजेपी ने 6 सीटें जीती हैं. एक अन्य सीट गबंधन में उसकी सहयोगी आरएलडी ने जीती है. सपा 2 ही सीटें जीत सकी है. बीजेपी ने सबसे बड़ी जीत कुंदरकी सीट पर दर्ज की है. इस जीत के साथ ही बीजेपी ने 31 साल के चले आ रहे सियासी सूखे को खत्म किया है. इस सीट पर बीजेपी ने आखिरी बार 1993 में जीत दर्ज की थी.

कुंदरकी विधानसभा सीट पर बीजेपी प्रत्याशी रामवीर सिंह को 1 लाख 70 हजार 371 वोट मिले हैं. उनके निकटतम प्रतिद्वंदी समाजवादी पार्टी के मोहम्मद रिजवान को 25 हजार 580 वोट मिले हैं. इस तरह रामवीर सिंह ने1 लाख 44 हजार 791 वोट मिले हैं. इस सीट पर रामवीर के अलावा 11 अन्य उम्मीदवार थे. ये सभी उम्मीदवार मुस्लिम समुदाय के थे.

मुस्लिम बहुल सीट पर रामवीर सिंह का जादू कुछ ऐसा चला कि सभी प्रत्याशी हवा में उड़ गए. इस सीट से 6 निर्दलीय प्रत्याशी भी किस्मत आजमा रहे थे. इसमें एक को छोड़ दें तो 5 उम्मीदवार से ज्यादा नोटा के खाते में वोट गए हैं. बहुजन समाज पार्टी तो यहां किसी तरह हजार का आंकड़ा छू सकी है. देखिए किस पार्टी को कितने वोट मिले.

पार्टीप्रत्याशीवोट
भारतीय जनता पार्टीरामवीर सिंह170371
समाजवादी पार्टीमोहम्मद रिज़वान25580
आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम)चांद बाबू14201
एआईएमआईएममोहम्मद वारिश8111
बहुजन समाज पार्टीरफ़ातुल्ला1099
निर्दलीयरिज़वान हुसैन758
निर्दलीयरिज़वान अली483
निर्दलीयशौकीन292
निर्दलीयमोहम्मद उवैश260
निर्दलीयमसरूर141
निर्दलीयमोहम्मद उबैश118
सम्राट मिहिर भोज समाज पार्टीसाजेब102
नोटा581

‘जैसा देश वैसा भेष’ से लिखी जीत की कहानी

उपचुनाव में रामवीर सिंह ने जी-तोड़ मेहनत की थी. चुनाव प्रचार में खुद को खपाते हुए रात-दिन एक कर दिया था. घर-घर जाकर उन्होंने लोगों से वोट मांगे थे. चुनाव प्रचार के दौरान ‘जैसा देश वैसा भेष’ की कहावत को उन्होंने बखूबी जिया. मुस्लिम आबादी के बीच वो जालीदार टोपी लगाकर पहुंचे. लोगों को खुद से जोड़ने के लिए उन्होंने लोगों को इस बात अहसास कराया कि वो भी उनके ही जैसे हैं. उनके इस अंदाज को लोगों ने पसंद किया और वोटों की बारिश की.