पंजाब में रेलवे सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर चिंता पैदा करने वाली घटना सामने आई है। राजपुरा और शंभू रेलवे स्टेशनों के बीच स्थित डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFCCIL) पर सोमवार देर रात जोरदार धमाका हुआ। प्रारंभिक जांच में इसे आईईडी विस्फोट होने की आशंका जताई जा रही है।
इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई है। घटनास्थल से मिले मोबाइल फोन के आधार पर मृतक की पहचान जगरूप सिंह के रूप में हुई है, जो तरनतारन जिले के पंजवड गांव का रहने वाला था। धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि शव का अधिकांश हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि मोबाइल फोन सुरक्षित मिल गया, जिससे पहचान संभव हो सकी।
ट्रैक को नुकसान, मालगाड़ियों की आवाजाही रुकी
विस्फोट के चलते रेलवे ट्रैक का एक हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जिसके बाद मालगाड़ियों का संचालन पूरी तरह रोक दिया गया है। हालांकि, फिलहाल किसी ट्रेन के दुर्घटनाग्रस्त होने या अन्य बड़े नुकसान की सूचना नहीं है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पूरे क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
जांच में आतंकी साजिश की आशंका
घटना को लेकर सुरक्षा एजेंसियां इसे संभावित साजिश के तौर पर देख रही हैं। स्थानीय पुलिस, रेलवे क्राइम ब्रांच और खुफिया एजेंसियां संयुक्त रूप से जांच में जुटी हैं। सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की टीम भी जल्द मौके पर पहुंच सकती है।
अंबाला मंडल के डीआरएम विनोद कुमार भाटिया ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही रेलवे प्रशासन ने DFCCIL अधिकारियों से संपर्क किया है और मामले की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है। विस्तृत जानकारी जल्द साझा की जाएगी।
पहले भी हो चुकी है ऐसी घटना
गौरतलब है कि इसी तरह की एक घटना 24 जनवरी को न्यू मंडी गोबिंदगढ़ और न्यू सरहिंद स्टेशन के बीच हुई थी, जिसमें मालगाड़ी का इंजन क्षतिग्रस्त हो गया था और लोको पायलट घायल हो गया था। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं ने रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सूत्रों के मुताबिक, 24 अप्रैल को धमकी मिलने की बात भी सामने आई है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
जांच तेज, सुरक्षा बढ़ाई गई
फिलहाल पूरे मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही विस्फोट के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी। इलाके में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और निगरानी भी बढ़ा दी गई है।