लखनऊ। राजधानी के सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र स्थित जन्नत बार एंड रेस्टोरेंट में शुक्रवार देर रात डीजे पर नाचने को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि बार के बाउंसर द्वारा रोकने पर कुछ युवकों ने पहले हंगामा किया और बाद में फायरिंग कर दी। घटना में बाउंसर बाल-बाल बच गया। पुलिस ने मामले में छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी समेत अन्य की तलाश जारी है।
पुलिस के मुताबिक कानपुर देहात के रूरा निवासी दिलीप कुमार जन्नत बार एंड रेस्टोरेंट में बाउंसर के रूप में कार्यरत हैं। शुक्रवार रात बार में सौरभ सिंह अपने मित्र डब्बू का जन्मदिन मनाने पहुंचा था। उसके साथ बिजनौर के कासिमखेड़ा निवासी अमन यादव, सरोजनीनगर के मीरानपुर पिनवट निवासी विनायक यादव, सुधांशु यादव और अन्य साथी भी मौजूद थे। सभी दो एसयूवी वाहनों से बार पहुंचे थे।
बताया जा रहा है कि शराब के नशे में धुत कुछ युवक डीजे कंसोल पर चढ़कर नाचने की कोशिश कर रहे थे। सुरक्षा व्यवस्था के तहत बाउंसर दिलीप कुमार ने उन्हें ऐसा करने से रोका। इस बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो देखते ही देखते गाली-गलौज और हाथापाई में बदल गई।
स्थिति बिगड़ने पर बार कर्मचारियों और बाउंसर ने युवकों को बाहर निकाल दिया। आरोप है कि इसके बाद सौरभ सिंह ने अपनी गाड़ी से तमंचा निकाला और बाउंसर दिलीप कुमार पर फायरिंग कर दी। गोली चलने से बार में मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद लोगों ने आरोपी को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वह डब्बू और एक अन्य साथी के साथ वाहन में बैठकर मौके से फरार हो गया।
हालांकि मौके पर मौजूद अमन यादव, विनायक यादव और सुधांशु यादव को पकड़ लिया गया। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने तीनों को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया और घटना में इस्तेमाल की गई एक कार को भी सीज कर दिया।
एडीसीपी दक्षिणी रल्लापल्ली वसंथ कुमार ने बताया कि बाउंसर की तहरीर के आधार पर छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की दो टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
इस बीच मामले में राजनीतिक चर्चा भी शुरू हो गई है। सूत्रों के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ के दौरान दावा किया कि उनमें से एक रायबरेली के एक विधायक का भाई है। यह भी चर्चा है कि फायरिंग उसी व्यक्ति ने की थी, लेकिन उसे बचाने के लिए सौरभ सिंह ने खुद पर आरोप लेने की कोशिश की। हालांकि पुलिस ने इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और पूरे मामले की जांच जारी है।